Indian Hotels (IHCL) के नतीजे दमदार रहे हैं। Q2 FY27 में कंपनी का रेवेन्यू **22%** बढ़ा है, जबकि प्रति कमरा कमाई (RevPAR) में **27%** का उछाल दर्ज किया गया है।
शानदार प्रदर्शन की वजह
ताज ब्रांड के तहत काम करने वाली कंपनी Indian Hotels Company Limited (IHCL) ने सितंबर 2026 तिमाही में अपनी मजबूत पकड़ दिखाई है। रेवेन्यू में 22% की सालाना बढ़ोतरी के पीछे मुख्य हाथ 'रेवेन्यू पर अवेलेबल रूम' (RevPAR) में आए 27% के बड़े उछाल का है।
कंपनी की प्राइसिंग पावर का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने अपने एवरेज रूम रेंट में 17% की वृद्धि की है। इसके बावजूद, होटलों की ऑक्यूपेंसी पिछले साल के 75% से बढ़कर 82% पहुंच गई है। यह बिजनेस और लेजर ट्रैवल की बढ़ती डिमांड और BRICS समिट जैसे बड़े आयोजनों का नतीजा है।
कहां है रिस्क?
नतीजों का एक कमजोर पहलू कंपनी का एयरलाइन केटरिंग डिवीजन TajSATS रहा है, जिसके ऑपरेटिंग प्रॉफिट में 25% की गिरावट आई है। वेस्ट एशिया में चल रहे जियोपॉलिटिकल तनाव के कारण एयर ट्रैफिक कम हुआ है, जिसका सीधा असर इस बिजनेस पर पड़ा है। यह निवेशकों के लिए एक संकेत है कि होटल बिजनेस के अलावा, ग्लोबल एयर ट्रैफिक से जुड़े सेगमेंट अभी भी संवेदनशील हैं।
फ्यूचर प्लानिंग
IHCL अब 'एसेट-लाइट' स्ट्रैटेजी पर जोर दे रही है, ताकि कर्ज को मैनेज करते हुए तेजी से विस्तार किया जा सके। पाइपलाइन में 34,000 से ज्यादा कमरे होने के साथ कंपनी आक्रामक तरीके से आगे बढ़ रही है। निवेशकों के लिए अब यह देखना दिलचस्प होगा कि नई होटल सप्लाई बाजार में आने के बाद कंपनी अपनी मौजूदा प्राइसिंग और ऑक्यूपेंसी को कितना बरकरार रख पाती है।
