Ferrero India भारतीय चॉकलेट बाजार की **7-8%** की औसत ग्रोथ को पीछे छोड़ने की तैयारी में है। कंपनी अब अपना पूरा फोकस प्रीमियम प्रोडक्ट्स और त्योहारी सीजन पर केंद्रित कर रही है।
प्रीमियम सेगमेंट पर दांव
इटली की दिग्गज कंपनी Ferrero India अब मास-मार्केट के बजाय प्रीमियम प्रोडक्ट्स पर फोकस कर रही है। कंपनी का मकसद भारत के उस मध्यम वर्ग को लुभाना है जो गिफ्टिंग और क्वालिटी प्रोडक्ट्स के लिए ज्यादा खर्च करने को तैयार है। इस रणनीति के तहत कंपनी ने हाल ही में ₹499 की कीमत वाली चॉकलेट बार लॉन्च की है, जो सीधे तौर पर हाई-मार्जिन कैटेगरी में कंपनी की हिस्सेदारी बढ़ाने का काम करेगी।
त्योहारों के लिए खास तैयारी
भारतीय बाजार में अपनी पैठ गहरी करने के लिए Ferrero ने स्थानीय संस्कृति को अपनाया है। कंपनी ने अपने सिग्नेचर प्रोडक्ट Ferrero Rocher के लिए खास गोल्ड-थीम वाली 'दीया' शेप पैकेजिंग पेश की है, जो त्योहारी सीजन में ग्राहकों के लिए एक बड़ा आकर्षण है।
फाइनेंशियल और ऑपरेशनल स्केल
महाराष्ट्र के बारामती में मैन्युफैक्चरिंग प्लांट चलाने वाली इस कंपनी ने 31 मार्च, 2025 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर में लगभग ₹2,585 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया है। हालांकि यह एक अनलिस्टेड कंपनी है, लेकिन इसकी परफॉर्मेंस FMCG सेक्टर में प्रीमियम ट्रेंड को समझने का एक बड़ा संकेत है।
चुनौतियां और जोखिम
डबल-डिजिट ग्रोथ हासिल करने की राह आसान नहीं है। कंपनी के सामने सबसे बड़ी चुनौती कोको और चीनी जैसी कच्ची सामग्रियों की बढ़ती लागत है, जो मुनाफे पर दबाव डाल सकती है। इसके अलावा, चॉकलेट की क्वालिटी बनाए रखने के लिए पूरे भारत में एक मजबूत कोल्ड-चेन सप्लाई नेटवर्क को मेंटेन करना बेहद महंगा और चुनौतीपूर्ण काम है। साथ ही, प्रीमियम चॉकलेट बाजार में अन्य बड़ी कंपनियों के साथ बढ़ती प्रतिस्पर्धा कंपनी के मार्जिन और मार्केट शेयर पर सीधा असर डाल सकती है।
