गिफ्टिंग रिटेलर Ferns N Petals ने FY26 में **₹1,085 करोड़** का रेवेन्यू हासिल किया है, जो सालाना **25%** की ग्रोथ को दर्शाता है। भारी घाटे के दौर से उबरने के बाद अब कंपनी का पूरा ध्यान प्रॉफिट मार्जिन बढ़ाने पर है।
गिफ्टिंग सेक्टर की दिग्गज कंपनी Ferns N Petals ने वित्त वर्ष 2026 में ₹1,085 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज कर एक बड़ा मुकाम हासिल कर लिया है। साल दर साल आधार पर कंपनी ने 25% की शानदार ग्रोथ दिखाई है। साल 1994 में दिल्ली के एक छोटे से फूल के दुकान से सफर शुरू करने वाली यह कंपनी आज एक बड़े गिफ्टिंग और इवेंट सर्विस इकोसिस्टम में बदल चुकी है।
सस्टेनेबल बिज़नेस मॉडल की ओर कदम
कंपनी का ग्रोथ चार्ट तेजी से ऊपर गया है, जहां FY21 में रेवेन्यू ₹426 करोड़ था, वहीं अब यह ₹1,000 करोड़ के पार निकल चुका है। हालांकि, इस आक्रामक विस्तार की कीमत कंपनी को घाटे के रूप में भी चुकानी पड़ी। FY23 में कंपनी ने ₹109.5 करोड़ का अपना अब तक का सबसे बड़ा घाटा दर्ज किया था, जो डिजिटल मौजूदगी और लॉजिस्टिक्स इंफ्रास्ट्रक्चर बनाने में आई चुनौतियों के कारण हुआ था।
इसी को सुधारने के लिए मैनेजमेंट ने अब फिस्कल डिसिप्लिन (वित्तीय अनुशासन) पर जोर देना शुरू किया है। साल 2022 में कंपनी ने Lighthouse India Fund III से लगभग $26.1 मिलियन की फंडिंग जुटाई थी, जिसके बाद कंपनी की वैल्यूएशन $326 मिलियन के करीब आंकी गई थी।
प्रॉफिटेबिलिटी और मार्जिन का लक्ष्य
फिलहाल कंपनी का कोर अर्निंग मार्जिन 2.5% पर है। मैनेजमेंट ने FY27 तक इसे 5-6% तक ले जाने का लक्ष्य रखा है। इस लक्ष्य को पाने के लिए कंपनी को लागत पर सख्त नियंत्रण रखना होगा और साथ ही अपनी डिलीवरी नेटवर्क की ताकत को भी बनाए रखना होगा। भारतीय गिफ्टिंग मार्केट में कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच, अब असली चुनौती यह साबित करना है कि कंपनी अपनी रेवेन्यू रफ्तार के साथ-साथ मुनाफे में भी तेजी ला सकती है या नहीं।
