FSSAI ने राजस्थान के रूपनगढ़ में स्थित CG Foods India के प्लांट पर तत्काल प्रभाव से प्रोडक्शन रोक दिया है। हाइजीन में बड़ी खामियों के चलते अधिकारियों ने **32,000 किलो** से अधिक स्टॉक और एक्सपायर्ड सामान जब्त किया है, जो कंपनी के लिए बड़े कानूनी संकट का संकेत है।
फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (FSSAI) ने अजमेर के रूपनगढ़ में स्थित CG Foods India के मैन्युफैक्चरिंग प्लांट के खिलाफ सख्त कदम उठाते हुए वहां उत्पादन तुरंत बंद करने का आदेश दिया है। यह कार्रवाई एक अचानक किए गए निरीक्षण (surprise inspection) के बाद की गई है, जिसमें गंभीर सुरक्षा और अनुपालन (compliance) संबंधी चूक पाई गई।
जांच में क्या खुला राज?
जांच के दौरान पता चला कि फैक्ट्री में फर्श पर पड़े टूटे हुए नूडल्स के कचरे को इकट्ठा कर उससे 'Veg Bhujia Namkeen' बनाई जा रही थी, जबकि इसके लिए जरूरी हीट ट्रीटमेंट प्रोसेस का पालन नहीं किया गया। इसके अलावा, कंपनी के पास 'Wai-Wai MaMa' और 'Wai-Wai Mama Punte' नूडल्स बनाने के लिए जरूरी लाइसेंस भी मौजूद नहीं थे। इतना ही नहीं, ऑडिट में प्री-डेटेड पैकेजिंग (गलत मैन्युफैक्चरिंग डेट) के भी सबूत मिले हैं, जो सीधे तौर पर ग्राहकों की सुरक्षा से खिलवाड़ है।
बिजनेस पर असर और कानूनी कार्रवाई
अधिकारियों ने मौके से लगभग 32,107 किलोग्राम इन्वेंट्री और 1,925 बक्से एक्सपायर्ड फिनिश्ड प्रोडक्ट्स जब्त किए हैं। कंपनी के खिलाफ 'Food Safety and Standards Act, 2006' के तहत कानूनी कार्यवाही शुरू कर दी गई है। Wai Wai जैसे लोकप्रिय ब्रांड के लिए यह मामला न केवल भारी आर्थिक नुकसान का कारण बनेगा, बल्कि ब्रांड की प्रतिष्ठा पर भी गहरा असर डालेगा। अब कंपनी का भविष्य इस बात पर टिका है कि वह FSSAI की ऑडिट शर्तों को पूरा करने और अपनी सुरक्षा प्रक्रियाओं को सुधारने में कितना समय लेती है।
नियामक सख्ती का दौर
यह कार्रवाई भारतीय एफएमसीजी सेक्टर में चल रही नियामक सख्ती का हिस्सा है। पिछले कुछ समय से एजेंसियां गोदामों और मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स पर लगातार नजर बनाए हुए हैं, जहां लेबल से छेड़छाड़ और खराब इन्वेंट्री मैनेजमेंट की शिकायतें सामने आ रही हैं। ऐसे में अब खाद्य कंपनियों पर अपने ऑपरेशन्स को पूरी तरह पारदर्शी और मानकों के अनुरूप रखने का भारी दबाव है।
