Emami अपने पारंपरिक पोर्टफोलियो की सुस्त रफ्तार को थामने के लिए अब D2C (डायरेक्ट-टू-कंज्यूमर) बिजनेस पर जोर दे रही है। कंपनी ने Q1 FY27 में मुनाफे में **16.4%** की गिरावट देखी है, लेकिन शेयर में निवेशकों का भरोसा बनाए रखने के लिए **₹282 करोड़** के ओपन-मार्केट बायबैक का ऐलान किया है।
Emami Ltd अब अपनी बिजनेस रणनीति में बड़ा बदलाव कर रही है। कंपनी का लक्ष्य है कि FY30 तक उनके स्ट्रैटेजिक इन्वेस्टमेंट, जैसे कि The Man Company, Brillare और Axiom Ayurveda, का योगदान कंपनी के कुल टर्नओवर में 25% तक पहुंच जाए। फिलहाल ये नए दौर के चैनल घरेलू बिक्री का 18% हिस्सा हैं।
Q1 FY27 का फाइनेंशियल हाल
जून 2026 को समाप्त तिमाही में कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 15% बढ़कर ₹1,039 करोड़ रहा, लेकिन नेट प्रॉफिट 16.4% गिरकर ₹137.35 करोड़ पर आ गया। मार्जिन पर दबाव का बड़ा कारण कच्चे माल की बढ़ती लागत (खासकर पैकेजिंग मटेरियल) और महंगाई रही। ऑपरेटिंग मार्जिन पिछले साल के 23.7% से घटकर 21.8% रह गया है।
बायबैक का गणित
शेयर की सुस्त चाल के बीच, बोर्ड ने ₹475 प्रति शेयर के अधिकतम मूल्य पर ₹282 करोड़ के बायबैक को मंजूरी दी है। यह प्रक्रिया 22 सितंबर 2026 से शुरू हुई है। इसके पूरा होने के बाद प्रमोटर्स की हिस्सेदारी 54.84% से बढ़कर 55.6% हो जाएगी, जो कंपनी के भविष्य पर मैनेजमेंट का भरोसा दिखाता है।
चुनौतियां और जोखिम
कंपनी के सामने कुछ बड़ी बाधाएं भी हैं। पश्चिमी एशिया में चल रहे तनाव के कारण सप्लाई चेन प्रभावित हुई है, जिससे इंटरनेशनल बिजनेस का रेवेन्यू 12% गिरा है। साथ ही, ग्रामीण भारत में मौसमी मांग पर निर्भरता भी कंपनी के लिए एक बड़ा रिस्क बनी हुई है। निवेशकों को अब यह देखना होगा कि कंपनी अपने D2C बिजनेस को कब तक मुनाफे में बदल पाती है।
