DMart की नई राह: लीज़िंग मॉडल और स्टोर एक्सपेंशन का कमाल
DMart की प्रॉपर्टी खरीदने से लीज़ पर लेने की स्ट्रैटेजी अब साफ रंग ला रही है। कंपनी के शेयर 21 अप्रैल, 2026 तक ₹4,587 के स्तर पर पहुंच गए, जो कि मार्च के निचले स्तर ₹3,528.65 से लगभग 30% की बड़ी रिकवरी है। यह जबरदस्त उछाल Q4 FY26 में कंपनी द्वारा रिकॉर्ड 58 नए स्टोर्स खोलने से जुड़ी है। पूरे फाइनेंशियल ईयर 26 (FY26) में कंपनी ने कुल करीब 85 नए स्टोर्स खोले, जो उसके सामान्य 40-50 स्टोर्स प्रति वर्ष के मुकाबले काफी ज्यादा है।
क्यों अपनाया लीज़िंग का रास्ता?
भारत का रिटेल सेक्टर तेजी से बढ़ रहा है, जिसके 2034 तक $3,505.4 बिलियन तक पहुंचने का अनुमान है। इस बढ़ते बाजार और Reliance Retail, Tata Trent जैसे दिग्गजों से कड़ी कॉम्पिटिशन के बीच, DMart को तेजी से अपनी मौजूदगी बढ़ानी थी। Blinkit, Swiggy Instamart और Zepto जैसी क्विक कॉमर्स सर्विसेज ने भी ग्राहकों की उम्मीदों को बदला है।
लीज़िंग मॉडल DMart को तेजी से स्टोर खोलने की आजादी देता है, जिससे वह ग्रोथ के अवसरों का तुरंत फायदा उठा सके। प्रॉपर्टी खरीदने की लंबी प्रक्रिया में फंसे बिना, कंपनी अपनी कैपिटल एफिशिएंसी (पूंजी कुशलता) बढ़ा सकती है और बैलेंस शीट पर बोझ डाले बिना एक्सपेंशन कर सकती है। इस बड़े स्ट्रैटेजिक बदलाव के पीछे 1 फरवरी, 2026 को CEO बने Anshul Asawa का नेतृत्व अहम माना जा रहा है, जिन्होंने Neville Noronha की जगह ली है।
मार्जिन पर दबाव और भविष्य की चुनौतियां
हालांकि, इस नई स्ट्रैटेजी में कुछ रिस्क भी हैं। लीज़िंग से रेंट कॉस्ट बढ़ सकती है, जो EBITDA मार्जिन पर दबाव डाल सकती है। DMart के मार्जिन, जो FY25 में 8.5% से 9.2% थे, Q2 FY26 में घटकर 7.3% पर आ गए थे। प्रॉपर्टी खरीदने के बजाय लीज़िंग से ऑपरेशनल अनिश्चितता भी थोड़ी बढ़ सकती है। साथ ही, अल्ट्रा-फास्ट डिलीवरी सेवाओं से मुकाबला करना, खासकर शहरों में, एक बड़ी चुनौती बनी रहेगी।
एनालिस्ट्स का क्या है कहना?
एनालिस्ट्स (Analysts) ने DMart के इस कदम को सराहा है। JM Financial और Motilal Oswal जैसी ब्रोकरेज फर्मों का मानना है कि स्टोर्स के तेजी से खुलने से कंपनी की रेवेन्यू ग्रोथ 10-12% से बढ़कर 18-20% तक पहुंच सकती है। Bank of America ने अपनी रेटिंग 'Neutral' की है, वहीं CLSA ने 'Outperform' रेटिंग बरकरार रखी है। एनालिस्ट्स का औसत प्राइस टारगेट अगले 12 महीनों के लिए ₹4,500 से ₹5,200 के बीच है, जो यह दर्शाता है कि अगर यह स्ट्रैटेजी सफल रही तो शेयर में और भी तेजी देखने को मिल सकती है।
