कर्नाटक प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए Amazon Seller Services समेत कई स्टोरेज फैसिलिटीज से एक्सपायर्ड फूड प्रोडक्ट्स और बिना लाइसेंस वाली दवाइयां जब्त की हैं। जब्त किए गए सामान की कुल वैल्यू **₹1.43 करोड़** आंकी गई है।
छापेमारी का पूरा मामला
कर्नाटक फूड सेफ्टी एंड ड्रग्स एडमिनिस्ट्रेशन ने बेंगलुरु में एक बड़ा एन्फोर्समेंट अभियान चलाया है। इस दौरान अनिकाल और देवनहल्ली स्थित Amazon Seller Services Pvt. Ltd. के केंद्रों पर की गई तलाशी में बिना लाइसेंस वाली दवाइयां मिलीं, जिनकी कीमत करीब ₹4.02 लाख बताई जा रही है। यह कार्रवाई सिर्फ इन केंद्रों तक सीमित नहीं थी, बल्कि पूरे शहर में अलग-अलग स्टोरेज फैसिलिटीज को निशाने पर लिया गया।
डार्क स्टोर्स पर रेगुलेटरी सख्ती
यह कार्रवाई इस बात का संकेत है कि सरकार अब 'डार्क स्टोर्स' और ई-कॉमर्स के तेजी से बढ़ते इंफ्रास्ट्रक्चर की बारीकी से जांच कर रही है। अधिकारियों का मुख्य फोकस डेयरी, स्नैक्स और अनाज जैसे प्रोडक्ट्स की एक्सपायरी डेट, लेबलिंग और हाइजीन पर है। उद्देश्य साफ है—जो सुरक्षा मानक पारंपरिक दुकानों के लिए हैं, वही ई-कॉमर्स और क्विक-कॉमर्स सप्लाई चेन पर भी लागू होने चाहिए।
निवेशकों के लिए चेतावनी
इस घटना ने कंपनियों के लिए बड़े ऑपरेशनल रिस्क खड़े कर दिए हैं। भविष्य में कंपनियों को:
- अधिक कठोर इंटरनल ऑडिट करना होगा।
- एक्सपायर्ड सामान को ट्रैक करने के लिए ऑटोमेटेड सिस्टम में निवेश करना होगा।
- रेगुलेटरी अनुपालन (Compliance) के लिए खर्च बढ़ाना पड़ सकता है।
फिलहाल, नॉन-कंप्लायंट यूनिट्स के ऑपरेटरों के खिलाफ कानूनी प्रक्रिया जारी है। निवेशकों को इस बात पर नजर रखनी चाहिए कि क्या यह ऑडिट का दायरा अन्य बड़े ई-कॉमर्स प्लेयर्स तक भी फैलता है और इससे कंपनी की बैलेंस शीट पर कितना असर पड़ता है।
