त्योहारी सीजन की शुरुआत से पहले ही देश की दिग्गज एप्लायंस कंपनियों ने अपने प्रोडक्ट्स की कीमतों में **5%** से **8%** तक का इजाफा कर दिया है। बढ़ती लागत को देखते हुए Blue Star, Godrej और LG जैसे ब्रांड्स अब प्रीमियम प्रोडक्ट्स और आसान फाइनेंसिंग पर दांव लगा रहे हैं।
कीमतों में बढ़ोतरी का कारण
अक्टूबर 2026 से लागू हुई यह बढ़ोतरी इस साल की तीसरी बड़ी मूल्य वृद्धि है। कंपनियों का कहना है कि कॉपर, स्टील, एल्युमीनियम और क्रूड ऑयल डेरिवेटिव्स जैसी रॉ-मटेरियल की कीमतों में लगातार तेजी बनी हुई है। इसके अलावा, फ्रेट और लॉजिस्टिक्स के महंगे होने से ऑपरेटिंग कॉस्ट पर दबाव बढ़ गया है, जिसे अब कंपनियों ने ग्राहकों पर डालने का फैसला किया है।
कंपनियों का नया दांव: प्रीमियम प्रोडक्ट्स
बिक्री घटने के डर से Blue Star, Godrej, Haier, Daikin, LG और Sony जैसी कंपनियां अब 'प्रीमियमाइजेशन' (Premiumization) की राह अपना रही हैं। मिडिल और हाई-इनकम ग्रुप वाले ग्राहक अक्सर कीमत को लेकर कम संवेदनशील होते हैं, इसलिए कंपनियां अब सस्ते प्रोडक्ट्स के बजाय स्मार्ट और ऊर्जा-कुशल (Energy-efficient) महंगे प्रोडक्ट्स पर ध्यान केंद्रित कर रही हैं।
फेस्टिव सीजन पर असर
त्योहारी सीजन पूरे साल के कुल रेवेन्यू का लगभग 40% हिस्सा रखता है, जो इस नई रणनीति का सबसे बड़ा इम्तिहान होगा। कंपनियों ने इसे आसान EMI स्कीम्स का साथ दिया है ताकि ग्राहकों पर एकदम से बोझ न पड़े। हालांकि, रिटेलर्स के पास पुरानी कीमतों वाला स्टॉक अभी भी मौजूद है, जिससे ग्राहकों को तुरंत महंगाई का असर महसूस नहीं होगा।
निवेशकों के लिए चेतावनी (Investor Alert)
बाजार के जानकारों का मानना है कि अगर महंगाई आय से अधिक बढ़ती है, तो प्रीमियम सेगमेंट में भी डिमांड गिर सकती है। भू-राजनीतिक तनाव और करेंसी में उतार-चढ़ाव भविष्य में और भी कीमतों में बदलाव का कारण बन सकते हैं। निवेशकों को अब इस पर नजर रखनी होगी कि क्या ये दाम बढ़ने से यूनिट सेल्स (Volume Growth) पर कोई नकारात्मक असर पड़ता है या नहीं।
