जनवरी में अपने उच्चतम स्तर **$121** प्रति औंस से चांदी की कीमतों में **50%** से अधिक की गिरावट आई है, अब यह लगभग **$58** प्रति औंस पर आ गई है। शिकागो मर्केंटाइल एक्सचेंज (CME) द्वारा ट्रेडिंग मार्जिन में अचानक की गई बढ़ोतरी इस गिरावट की मुख्य वजह बनी, जिसने मार्केट में बिकवाली का दबाव बढ़ा दिया।
Detailed Coverage
मार्जिन बढ़ोतरी और मार्केट में बिकवाली का खेल
इस तेज गिरावट की असल वजह 30 जनवरी, 2026 को एक्सचेंज द्वारा उठाया गया कदम था। शिकागो मर्केंटाइल एक्सचेंज (CME) ने चांदी फ्यूचर्स के लिए इनिशियल और मेंटेनेंस मार्जिन में भारी इजाफा कर दिया था। जब एक्सचेंज मार्जिन की जरूरतें बढ़ाते हैं, तो ट्रेडर्स को अपनी पोजीशन बनाए रखने के लिए ज्यादा कोलैटरल जमा करना पड़ता है। इससे अक्सर लीवरेज्ड ट्रेडर्स अपनी होल्डिंग्स को बेचने पर मजबूर हो जाते हैं ताकि वे नई आवश्यकताओं को पूरा कर सकें या जोखिम से बच सकें। इसी वजह से उस दिन चांदी की कीमतों में 35% से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई थी।
टेक्निकल आउटलुक और कंसॉलिडेशन का दौर
बाजार विश्लेषकों का मानना है कि अब चांदी की कीमतों में कुछ समय तक एक सीमित दायरे में उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है, जहां कोई स्पष्ट ट्रेंड नहीं दिखेगा। कुछ जानकारों ने मौजूदा चार्ट पैटर्न की तुलना शंघाई कंपोजिट इंडेक्स के 2016 से 2024 तक देखे गए कंसॉलिडेशन से की है। अगर चांदी भी इसी राह पर चली, तो कीमतों में ज्यादा इजाफा देखने को नहीं मिलेगा। अनुमानों के मुताबिक, निकट भविष्य में यह $40 से $70 प्रति औंस के दायरे में कारोबार कर सकती है।
अमेरिकी डॉलर और गोल्ड-सिल्वर रेशियो का असर
मैक्रोइकोनॉमिक फैक्टर भी कमोडिटी की कीमतों को प्रभावित कर रहे हैं। अमेरिकी डॉलर का मजबूत होना, जो अक्सर बढ़ते तेल की कीमतों और फेडरल रिजर्व की ब्याज दरें बढ़ाने की उम्मीदों से प्रेरित होता है, चांदी जैसी कमोडिटीज को अन्य मुद्राओं वाले खरीदारों के लिए महंगा बना देता है, जिससे प्राइस ग्रोथ सीमित हो जाती है। इसके अलावा, गोल्ड-सिल्वर रेशियो निवेशकों के लिए एक महत्वपूर्ण इंडिकेटर है। जनवरी में 15 साल के निचले स्तर 43.5 को छूने के बाद, यह रेशियो अब बढ़कर 69 हो गया है। बढ़ता हुआ रेशियो अक्सर यह संकेत देता है कि सोना की तुलना में चांदी का प्रदर्शन कमजोर रहा है। मौजूदा ट्रेंड को देखते हुए, यह रेशियो 76-78 के स्तर तक जा सकता है, जिससे यह पता चलता है कि चांदी की कीमतों में रिकवरी धीमी रह सकती है और औसत अनुमान $56 प्रति औंस के आसपास है।
