MCX पर सोने और चांदी के वायदा भाव (Futures) में आज नरमी देखी गई। निवेशक अमेरिका से आने वाले अहम महंगाई आंकड़ों (US Inflation Data) के इंतजार में हैं, जो Federal Reserve की ब्याज दरों की दिशा तय करेंगे।
MCX पर प्रीशियस मेटल्स में आज दबाव का माहौल है। सोने के दिसंबर वायदा भाव ₹1,48,500 प्रति 10 ग्राम के आसपास ट्रेड कर रहे हैं, जबकि चांदी की कीमतें गिरकर ₹219,200 प्रति किलोग्राम के स्तर पर पहुंच गई हैं। यह गिरावट घरेलू निवेशकों की सतर्कता को दर्शाती है, जो अमेरिका से आने वाली आर्थिक खबरों पर बारीकी से नजर रखे हुए हैं।
क्यों सतर्क हैं निवेशक?
बाजार का पूरा ध्यान 14 और 15 अक्टूबर को आने वाले अमेरिका के कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स (CPI) और प्रोड्यूसर प्राइस इंडेक्स (PPI) पर टिका है। यह डेटा तय करेगा कि अमेरिका में महंगाई की स्थिति क्या है, जो सीधे तौर पर Federal Reserve की मॉनेटरी पॉलिसी को प्रभावित करेगा। अगर महंगाई के आंकड़े अनुमान से ज्यादा रहे, तो ब्याज दरों के ऊंचे बने रहने की संभावना बढ़ जाती है।
सोना-चांदी और ब्याज दरों का कनेक्शन
सोना एक 'नॉन-यिल्डिंग एसेट' है, यानी इस पर बॉन्ड की तरह ब्याज नहीं मिलता। जब ब्याज दरें बढ़ती हैं, तो सोने को होल्ड करने की 'अपॉर्च्युनिटी कॉस्ट' बढ़ जाती है, जिससे अक्सर इसके दाम गिर जाते हैं। वहीं, दरों में कटौती की उम्मीद सोने को सपोर्ट करती है। वर्तमान में मार्केट में मिक्स्ड संकेतों के कारण वोलेटिलिटी बनी हुई है।
ग्लोबल मार्केट की स्थिति
घरेलू बाजार में दबाव के बावजूद, अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना $4,155 से $4,185 प्रति औंस के दायरे में स्थिर है। हालांकि, डॉलर की मजबूती गोल्ड के लिए चुनौती बनी हुई है, क्योंकि मजबूत डॉलर के कारण अन्य मुद्राओं वाले खरीदारों के लिए सोना महंगा हो जाता है। इसके बावजूद, सेंट्रल बैंक और इंस्टीट्यूशनल निवेशकों की निरंतर खरीदारी ने कीमतों के लिए एक 'फ्लोर' (सपोर्ट) बना रखा है।
आने वाले दिनों में अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड और महंगाई के आंकड़े ही यह तय करेंगे कि प्रीशियस मेटल्स में और गिरावट आएगी या फिर ये नई तेजी की ओर रुख करेंगे।
