त्योहारी सीजन की खरीदारी और शादियों के सीजन की उम्मीदों के चलते 1 अक्टूबर 2026 को MCX पर सोने और चांदी के वायदा भाव (Futures) में बढ़त दर्ज की गई। ग्लोबल मार्केट में ब्याज दरों को लेकर अनिश्चितता के बावजूद घरेलू मांग ने बाजार को सहारा दिया है।
बाजार की चाल
गुरुवार, 1 अक्टूबर 2026 को MCX पर प्रीशियस मेटल्स में तेजी का रुझान देखने को मिला। दिसंबर गोल्ड फ्यूचर्स ₹1.47 लाख से ₹1.50 लाख प्रति 10 ग्राम के दायरे में कारोबार कर रहे हैं, जबकि दिसंबर डिलीवरी के लिए चांदी ₹2.26 लाख प्रति किलो के स्तर पर बनी हुई है।
फिजिकल डिमांड का सहारा
त्योहारों और शादी-ब्याह के सीजन के चलते फिजिकल मार्केट में ग्राहकों की हलचल बढ़ गई है। यह घरेलू मांग ही है जो ग्लोबल दबाव के बावजूद कीमतों को एक सुरक्षा कवच दे रही है। बाजार के जानकारों का मानना है कि आने वाले हफ्तों में ज्वेलरी खरीदारी का यह ट्रेंड कीमतों को मजबूती देगा।
ग्लोबल मार्केट की चुनौती
कीमतों पर असर डालने वाला सबसे बड़ा फैक्टर अमेरिकी मार्केट है। निवेशक अमेरिकी फेडरल रिजर्व (Federal Reserve) के फैसलों पर पैनी नजर रखे हुए हैं। इतिहास गवाह है कि जब अमेरिका में बॉन्ड यील्ड बढ़ती है या डॉलर मजबूत होता है, तो सोना-चांदी जैसे एसेट्स पर दबाव बढ़ जाता है। वर्तमान में डॉलर की मजबूती और हाई इंटरेस्ट रेट्स को लेकर बनी अनिश्चितता के कारण बाजार में उतार-चढ़ाव बना हुआ है।
आने वाले समय में कीमतें इस बात पर तय होंगी कि अमेरिकी इकॉनमी के आंकड़े क्या संकेत देते हैं और फेस्टिव सीजन में रिटेल डिमांड किस हद तक मजबूत बनी रहती है।
