Multi Commodity Exchange (MCX) पर गोल्ड फ्यूचर्स **₹1,55,000** के आसपास ट्रेड कर रहा है। फेडरल रिजर्व के बयानों के बाद सोने की कीमतों को सपोर्ट मिला है, हालांकि निवेशक अब नए आर्थिक आंकड़ों का इंतजार कर रहे हैं।
बाजार का हाल और फेड का असर
MCX पर सोने के दाम फिलहाल ₹1,55,000 से ₹1,55,500 के दायरे में बने हुए हैं। हाल ही में आई अस्थिरता के बाद अब कीमतों में स्थिरता देखी जा रही है। इस तेजी के पीछे सबसे बड़ा हाथ अमेरिकी फेडरल रिजर्व के गवर्नर क्रिस्टोफर वॉलर के बयानों का है। उनके 'डोविश' (Dovish) रुख ने अमेरिकी ब्याज दरों में तुरंत बढ़ोतरी की आशंकाओं को कम कर दिया है, जिससे कीमती धातुओं को मजबूती मिली है।
क्यों अहम है ब्याज दर का गणित?
गोल्ड की चाल अक्सर ब्याज दरों के उलट होती है। जब अधिकारी दरें बढ़ाने में सुस्ती या पॉज (Pause) के संकेत देते हैं, तो गोल्ड जैसे नॉन-यील्डिंग एसेट्स आकर्षक हो जाते हैं। अब ट्रेडर्स की नजर अमेरिका के आने वाले इन्फ्लेशन डेटा और पेरोल नंबरों पर टिकी है, जो बाजार की दिशा तय करेंगे।
टेक्निकल एनालिसिस (Technical Analysis)
तकनीकी चार्ट्स पर देखें तो गोल्ड 8-डे और 21-डे एवरेज ट्रेंड लाइन्स से ऊपर ट्रेड कर रहा है, जो इसकी मजबूती को दर्शाता है। RSI (Relative Strength Index) फिलहाल न्यूट्रल लेवल पर है, जिसका मतलब है कि खरीदारी का रुझान तो है, लेकिन बाजार अभी ओवरबॉट नहीं है।
रिस्क और सपोर्ट लेवल
सावधानी के तौर पर, निवेशकों को ₹1,53,400 के महत्वपूर्ण सपोर्ट लेवल पर नजर रखनी चाहिए। अगर सोने की कीमत इस स्तर से नीचे फिसलती है, तो बिकवाली का दबाव बढ़ सकता है। इसके अलावा, डॉलर में मजबूती या अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में उछाल भी सोने की कीमतों पर भारी पड़ सकते हैं।
