Arabica Coffee: कर्नाटक में समय से पहले शुरू हुई कॉफी की कटाई, ग्लोबल मार्केट में गिरावट से बढ़ी चिंता

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AuthorSaanvi Reddy|Published at:
Arabica Coffee: कर्नाटक में समय से पहले शुरू हुई कॉफी की कटाई, ग्लोबल मार्केट में गिरावट से बढ़ी चिंता

कर्नाटक में गर्मी के असर के चलते कॉफी किसानों ने 2026-27 के सीजन के लिए Arabica की कटाई जल्दी शुरू कर दी है। हालांकि, ग्लोबल मार्केट में कीमतों में आई गिरावट और मौसम की अनिश्चितता ने किसानों के मुनाफे को लेकर संशय पैदा कर दिया है।

कर्नाटक के प्रमुख कॉफी उत्पादक इलाकों जैसे कोडगु और चिकमगलुरु में Arabica कॉफी की कटाई सामान्य से पहले शुरू हो गई है। इसकी मुख्य वजह तेज गर्मी और उम्मीद से कम बारिश रही है, जिससे कॉफी चेरी जल्दी पक गई हैं। जानकारों का मानना है कि अक्टूबर के अंत तक कटाई जोर पकड़ेगी, जबकि Robusta फसल की कटाई दिसंबर के मध्य से शुरू हो सकती है।

प्रोडक्शन का गणित और हकीकत

कॉफी बोर्ड ने Arabica के लिए 1.20 लाख टन का प्रोडक्शन टारगेट रखा है, जबकि कुल कॉफी उत्पादन 4.04 लाख टन रहने का अनुमान है। हालांकि, स्थानीय किसान इन सरकारी आंकड़ों को लेकर थोड़े सतर्क हैं। उनका मानना है कि इस बार के खराब मौसम के कारण पैदावार अनुमान से कम रह सकती है, जिसका असर एक्सपोर्ट और डोमेस्टिक सप्लाई पर दिख सकता है।

ग्लोबल मार्केट का दबाव

इंटरकॉन्टिनेंटल एक्सचेंज पर Arabica की कीमतों में पिछले एक महीने में करीब 18% की गिरावट आई है और यह $2.74 प्रति पाउंड के आसपास ट्रेड कर रही है। ब्राजील में सप्लाई सुधरने के कारण यह कमजोरी देखने को मिली है। वहीं, स्थानीय भारतीय बाजार में Arabica का भाव अभी ₹23,500 से ₹24,600 प्रति 50 किलो बैग के बीच चल रहा है।

निवेशकों के लिए अहम संकेत

भारतीय कॉफी सेक्टर के लिए अगले कुछ महीने चुनौती भरे हो सकते हैं। एक तरफ क्लाइमेट चेंज के कारण पैदावार पर संकट है, तो दूसरी तरफ अंतरराष्ट्रीय कीमतों का दबाव। निवेशकों को सलाह है कि वे फसल की गुणवत्ता और कॉफी बोर्ड द्वारा जारी होने वाले अपडेट्स पर नजर रखें, क्योंकि यही आगे चलकर किसानों की मुनाफे की स्थिति तय करेंगे।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.