Gold Rebounds: SAMCO Securities की नई भविष्यवाणी, सोने में आएगी मजबूती?

COMMODITIES
Whalesbook Logo
AuthorNeha Patil|Published at:
Gold Rebounds: SAMCO Securities की नई भविष्यवाणी, सोने में आएगी मजबूती?
Overview

मंगलवार, 3 फरवरी को Gold की कीमतों में हालिया गिरावट के बाद एक मजबूत रिकवरी देखने को मिली। निवेशकों द्वारा की गई खरीदारी (bargain buying) के चलते यह उछाल आया। SAMCO Securities के विश्लेषकों का मानना है कि यह सोने के ट्रेंड में बड़ा बदलाव नहीं, बल्कि एक स्वस्थ कंसोलिडेशन फेज है।

सोने में लौटी रौनक, क्या है वजह?

पिछले कुछ दिनों में आई तेज बिकवाली के बाद, मंगलवार, 3 फरवरी को सोने की कीमतों में अच्छी रिकवरी दर्ज की गई। यह उछाल उन चिंताओं को शांत करने वाला था जो निवेशकों में कीमती धातु की हालिया रैली की स्थिरता को लेकर थीं। बाजार के जानकारों का कहना है कि यह रिकवरी बाजार की दिशा में कोई बड़ा बदलाव नहीं, बल्कि एक रणनीतिक स्थिति को फिर से संभालने का नतीजा है।

बार्गेन हंटिंग और शॉर्ट-कवरिंग का कमाल

मंगलवार को कीमतों में आई तेजी का मुख्य कारण 'बार्गेन हंटिंग' और शॉर्ट-कवरिंग एक्टिविटी दिखी। 2 फरवरी को सोने की कीमतों में लगभग 5% की भारी गिरावट आई थी, जो पिछले 40 सालों में सबसे बड़ी एक-दिवसीय गिरावट थी। इस बड़ी गिरावट के पीछे मुख्य वजह अमेरिका में राजनीतिक घटनाक्रम को माना जा रहा है, खासकर फेडरल रिजर्व के अगले प्रमुख के तौर पर केविन वॉर्श के नाम की घोषणा, जिसने सख्त मौद्रिक नीति (hawkish monetary policy) का संकेत दिया। इससे ब्याज दरों में बदलाव की उम्मीदों ने कीमती धातुओं को अस्थिर कर दिया। 3 फरवरी को सोना लगभग $4,781 प्रति औंस पर कारोबार कर रहा था, जो पिछले दिन से 2.60% अधिक था। जनवरी में यह $5,608.35 के स्तर तक भी पहुंचा था।

SAMCO Securities का विश्लेषण: हेल्दी कंसोलिडेशन

SAMCO Securities के विश्लेषक इस रिकवरी को एक बड़े ट्रेंड रिवर्सल के बजाय, एक जरूरी कंसोलिडेशन फेज का हिस्सा बता रहे हैं। SAMCO में मार्केट पर्सपेक्टिव्स और रिसर्च के हेड, अपूर्वा सेठ के अनुसार, हालिया पुलबैक मुख्य रूप से निवेशकों की पोजीशनिंग और प्रॉफिट-टेकिंग के कारण था, न कि सोने के अंतर्निहित फंडामेंटल्स के कमजोर होने से। SAMCO का आकलन है कि सोने की लॉन्ग-टर्म प्राइस स्ट्रक्चर, जिसमें 'हायर हाईज और हायर लोज़' (higher highs and higher lows) का पैटर्न बना हुआ है, मजबूत बनी हुई है। महत्वपूर्ण ब्रेकआउट लेवल काफी हद तक बरकरार हैं, जो यह संकेत देते हैं कि लॉन्ग-टर्म निवेशक गिरावट पर सक्रिय रूप से खरीदारी कर रहे हैं।

स्पेक्लैटिव एक्सेस और लिक्विडेशन का दौर

हालिया पैराबोलिक उछाल, जिसे कभी-कभी 'मेल्ट-अप' कहा गया, में स्पेक्लैटिव एक्सेस के संकेत दिख रहे थे। खासकर फ्यूचर्स और ऑप्शंस में पोजीशन बहुत ज्यादा टाइट हो गई थी। इस स्ट्रक्चर ने कीमतों में आई गिरावट की गति और तीव्रता को बढ़ा दिया, क्योंकि लीवरेज्ड पोजीशन को लिक्विडेट करना पड़ा। हालांकि, इस तरह की जबरन बिकवाली आमतौर पर टिकाऊ नहीं होती और यह खुद को एग्जॉस्ट कर लेती है, जिससे बिकवाली वैकल्पिक हो जाती है और लिक्विडिटी बेहतर होने पर बाजार स्थिर हो जाता है।

लॉन्ग-टर्म डिमांड के मजबूत कारण

सोने की लॉन्ग-टर्म अपील और सेफ-हेवन स्टेटस के पीछे कई स्थायी स्ट्रक्चरल ड्राइवर हैं। सेंट्रल बैंकों की ओर से सोने की खरीदारी ऐतिहासिक रूप से ऊंचे स्तर पर बनी हुई है; 2025 में उन्होंने 863 टन सोना खरीदा, जो एक महत्वपूर्ण लॉन्ग-टर्म डिमांड बेस दर्शाता है। ये संस्थान मौद्रिक प्रणाली की अस्थिरता और डॉलर हेजेमोनी के खिलाफ हेज के रूप में सोने को रणनीतिक रूप से जमा कर रहे हैं। लगातार बने रहने वाले जियोपॉलिटिकल रिस्क और ग्लोबल इकोनॉमिक अनिश्चितताएं सोने की वैल्यू स्टोर के रूप में भूमिका और मुद्रास्फीति (inflation) व मुद्रा अवमूल्यन (currency devaluation) के खिलाफ हेज के तौर पर इसके महत्व को और बढ़ाती हैं। 2025 में ग्लोबल गोल्ड मार्केट का वैल्यूएशन लगभग $308.32 बिलियन था, और इसकी अनुमानित कुल मार्केट कैपिटलाइजेशन लगभग $33.688 ट्रिलियन है।

भविष्य का अनुमान: कंसोलिडेशन के बाद मजबूती?

SAMCO Securities उम्मीद करती है कि आने वाले महीनों में सोना एक 'टाइम-वाइज कंसोलिडेशन' (time-wise consolidation) फेज में प्रवेश करेगा। इस फेज में लीनियर रैली या लंबे समय तक गिरावट के बजाय साइडवेज ट्रेडिंग (sideways trading) देखने की उम्मीद है। यह पैटर्न शार्प प्राइस एप्रिसिएशन के बाद आम होता है, जिससे मार्केट सेंटीमेंट और पोजीशनिंग रीसेट होने का मौका मिलता है। एनालिस्ट्स का अनुमान है कि सोने की कीमतें 2026 की चौथी तिमाही तक $5,000 प्रति औंस के आसपास पहुंच सकती हैं, और लंबी अवधि में $6,000 तक जाने की संभावना है। मौजूदा स्तरों को एक नए स्ट्रक्चरल बेस के रूप में देखा जा रहा है।

कुल मिलाकर, SAMCO Securities का मानना है कि अल्पकालिक अस्थिरता के बावजूद, सोने का समग्र बायस ऊपर की ओर रहने की उम्मीद है, बशर्ते प्रमुख सपोर्ट लेवल बरकरार रहें और फंडामेंटल ड्राइवर इसका समर्थन करते रहें। यह कंसोलिडेशन फेज भविष्य में और मजबूती के लिए एक मजबूत आधार बना सकता है।

Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.