ग्लोबल मार्केट में Gold की कीमतें शुक्रवार को **0.5%** फिसल गईं। निवेशक फेडरल रिजर्व चेयरमैन Kevin Warsh के जैक्सन होल संबोधन का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं, जिससे बाजार में फिलहाल सतर्कता का माहौल है।
बाजार क्यों है सतर्क?
दुनिया भर के निवेशकों की निगाहें फिलहाल Jackson Hole Economic Symposium पर टिकी हैं। सोने की कीमतें गिरकर $4,580 प्रति औंस के आसपास कारोबार कर रही हैं। यह गिरावट तब आई है जब पिछले कुछ दिनों में सोना तीन महीने के हाई पर पहुंच गया था।
महंगाई और ब्याज दरों का दबाव
मार्केट का पूरा फोकस पर्सनल कंजम्पशन एक्सपेंडिचर (PCE) इंडेक्स पर है। ताजा आंकड़ों के अनुसार, जुलाई तक महंगाई 3.7% की दर से बढ़ रही है। CME FedWatch के डेटा के मुताबिक, निवेशक सितंबर और दिसंबर में ब्याज दरों में बढ़ोतरी की संभावनाओं को लेकर अपनी पोजिशन बना रहे हैं।
चूंकि सोने पर कोई ब्याज या डिविडेंड नहीं मिलता, इसलिए बढ़ती ब्याज दरें सीधे तौर पर सोने के लिए नेगेटिव मानी जाती हैं।
क्या सोने को मिलेगा सहारा?
ब्याज दरों के डर के बावजूद, अमेरिका की राजकोषीय स्थिति और ट्रेजरी यील्ड (Treasury Yields) को लेकर चिंताएं सोने के लिए एक 'फ्लोर' का काम कर रही हैं। निवेशकों का मानना है कि अनिश्चितता के दौर में सोना हमेशा एक सेफ हेवन (Safe Haven) बना रहता है। फिलहाल, बाजार किसी भी बड़े फैसले से पहले कंसोलिडेशन मोड में है। निवेशकों को सलाह है कि फेडरल रिजर्व चेयरमैन के भाषण में मिलने वाले संकेतों पर नजर रखें, क्योंकि यही सोने की अगली दिशा तय करेंगे।
