MCX पर गोल्ड फ्यूचर्स में आज **₹399** की गिरावट दर्ज की गई है। कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में तेजी के कारण महंगाई का डर बढ़ा है, जिसके चलते सोने पर दबाव है। हालांकि, इंडस्ट्रियल डिमांड के चलते सिल्वर की कीमतों में तेजी देखी गई है।
आज के कारोबार में गोल्ड फ्यूचर्स पर दबाव साफ नजर आ रहा है। 9 सितंबर, 2026 को MCX पर अक्टूबर गोल्ड कॉन्ट्रैक्ट ₹399 प्रति 10 ग्राम की कमजोरी के साथ ट्रेड कर रहा है। सोने में आई इस गिरावट की सबसे बड़ी वजह ग्लोबल मार्केट में क्रूड ऑयल (Crude Oil) की कीमतों में उछाल है।
क्यों दबाव में है सोना?
जब भी क्रूड ऑयल के दाम बढ़ते हैं, तो महंगाई का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में मार्केट को डर है कि US Federal Reserve ब्याज दरों (Interest Rates) को लंबे समय तक ऊंचा रख सकता है। सोना एक नॉन-यील्डिंग एसेट है, इसलिए जब ब्याज दरें ज्यादा होती हैं, तो निवेशक सोने के बजाय बॉन्ड्स जैसे विकल्पों की ओर रुख करने लगते हैं।
चांदी में क्यों दिखी तेजी?
गोल्ड के उलट, सिल्वर में आज मजबूती दिख रही है। दिसंबर सिल्वर कॉन्ट्रैक्ट शुरुआती कारोबार में ₹193 प्रति किलोग्राम की बढ़त के साथ खुला। इसकी मुख्य वजह चांदी की इंडस्ट्रियल डिमांड है, जिसका उपयोग इलेक्ट्रॉनिक्स और सोलर एनर्जी सेक्टर में बड़े पैमाने पर होता है। यह चांदी को सोने के मुकाबले अधिक लचीला बनाता है।
निवेशकों के लिए आगे क्या?
फिलहाल मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के कारण क्रूड ऑयल की कीमतों में उतार-चढ़ाव बना हुआ है। निवेशकों की नजर अब US के आने वाले महंगाई आंकड़ों (CPI और PPI) पर है। ये डेटा तय करेंगे कि आने वाले समय में ग्लोबल मार्केट में ब्याज दरों को लेकर क्या रुख अपनाया जाएगा।
