त्योहारी सीजन से पहले सोने के दाम में **4%** की राहत ने भारतीय बाजारों में मांग को फिर से रफ्तार दी है। अब खरीदार कम वजन के गहनों और पुरानी गोल्ड एक्सचेंज स्कीमों पर ज्यादा जोर दे रहे हैं।
त्योहारी सीजन और शादियों के सीजन की दस्तक के बीच भारतीय बाजार में सोने की मांग में एक बड़ा बदलाव दिख रहा है। हाल ही में सोने की कीमतों में आई 4% की नरमी ने ग्राहकों को एक मौका दिया है, जिससे अब सोना ₹1.47 लाख प्रति 10 ग्राम के आसपास ट्रेड कर रहा है।
ग्राहकों का बदला रुख
इस बार की खरीदारी पिछले सालों से काफी अलग है। ग्राहक अब भारी-भरकम गहनों की जगह 'लाइटवेट' और 'स्टडेड' डिजाइन्स को प्राथमिकता दे रहे हैं। इससे उन्हें कम बजट में भी सोने की चमक बरकरार रखने का मौका मिल रहा है।
एक्सचेंज स्कीम का जादू
बाजार में एक और बड़ा ट्रेंड 'ओल्ड गोल्ड एक्सचेंज' (Old-Gold Exchange) का है। खरीदार अपने पास रखे पुराने सोने को देकर नए गहने बनवा रहे हैं, जिससे उनकी जेब पर बोझ कम हो रहा है और ज्वैलर्स के लिए वॉल्यूम मेंटेन करना आसान हो रहा है।
निवेशकों के लिए चेतावनी
भले ही बाजार में उत्साह है, लेकिन निवेशकों को ग्लोबल फैक्टर्स पर नजर रखनी चाहिए। अमेरिका का फेडरल रिजर्व (US Fed Reserve) रेट और डॉलर की मजबूती सीधे तौर पर सोने की कीमतों को प्रभावित करती है। साथ ही, कस्टम ड्यूटी और GST जैसे टैक्सेस के कारण घरेलू स्तर पर कीमतें अभी भी ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं, जो बड़ी खरीदारी को सीमित कर सकती हैं। आने वाले समय में ज्वैलरी कंपनियों के इन्वेंट्री मैनेजमेंट और क्वार्टरली नतीजों पर निवेशकों की नजरें टिकी रहेंगी।
