मुनाफे में आई भारी गिरावट
CMPDI के चौथी तिमाही के नतीजे मिले-जुले रहे। Revenue ग्रोथ के बावजूद, कंपनी के खर्चों (Expenses) में बेतहाशा वृद्धि के कारण नेट Profit में 32% की गिरावट दर्ज की गई। यह तिमाही 31 मार्च 2026 को समाप्त हुई, जिसमें कंपनी का नेट Profit ₹187 करोड़ रहा।
खर्चों का बोझ, मार्जिन पर असर
तिमाही के दौरान कुल खर्च 42% बढ़कर ₹589 करोड़ हो गया। इस बढ़ोतरी की मुख्य वजह कर्मचारियों के वेतन संशोधन (Employee Pay Revision) के लिए ₹90.13 करोड़ का एकमुश्त चार्ज और अन्य एक्टुआरियल कॉस्ट्स रहीं। इन बढ़े हुए खर्चों ने कंपनी के ऑपरेटिंग मार्जिन को 45.1% (पिछली साल) से घटाकर 28.8% (इस तिमाही) कर दिया। पूरे फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए, CMPDI का Revenue 10.2% बढ़कर ₹2,316.53 करोड़ रहा, लेकिन लागतें बढ़ने की वजह से एनुअल नेट Profit 8.1% घटकर ₹613.18 करोड़ पर आ गया।
शेयर बाजार की प्रतिक्रिया
इन नतीजों के बाद, 22 अप्रैल 2026 को CMPDI के शेयरों में लगभग 4% की गिरावट देखने को मिली और यह ₹176.40 पर बंद हुआ। निवेशकों के बीच मार्जिन पर बढ़ते दबाव को लेकर चिंता देखी जा रही है।
कंपनी के रिस्क और आउटलुक
CMPDI मुख्य रूप से Coal India और Ministry of Coal पर निर्भर है, जो इसके Revenue का एक बड़ा हिस्सा (पहले नौ महीनों में 66%) जेनरेट करते हैं। सरकारी नीतियों में बदलाव या Coal India के खर्चों में कटौती कंपनी को प्रभावित कर सकती है। हालांकि, कंपनी को डिविडेंड (Dividend) के तौर पर ₹1.06 प्रति शेयर का प्रस्ताव दिया गया है, जो शेयरहोल्डर अप्रूवल के अधीन है। कंपनी की वैल्यूएशन (Valuation) अपने पैरेंट कंपनी Coal India की तुलना में काफी ज्यादा है, जिसका P/E Ratio लगभग 19.80 है, जबकि Coal India का P/E 9-10 के आसपास है।
