CFTC की बड़ी जांच: ईरान नीति से पहले तेल के सौदों में 'बड़े खेल' का शक, मार्केट मैनिपुलेशन की आशंका

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AuthorAditi Chauhan|Published at:
CFTC की बड़ी जांच: ईरान नीति से पहले तेल के सौदों में 'बड़े खेल' का शक, मार्केट मैनिपुलेशन की आशंका
Overview

अमेरिका का प्रमुख फाइनेंशियल रेगुलेटर CFTC (कमोडिटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग कमीशन), ईरान पर अमेरिकी पॉलिसी के बड़े ऐलान से ठीक पहले हुए तेल फ्यूचर्स (Oil Futures) के सौदों की जांच में जुट गया है। इन ट्रेडों की टाइमिंग पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं और मार्केट मैनिपुलेशन (Market Manipulation) की आशंका जताई जा रही है।

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यह मामला ऊर्जा बाजारों में एक अजीब पैटर्न को उजागर करता है, जहां भू-राजनीतिक घटनाओं से ठीक पहले तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट पर दांव लगाया जा रहा था। यह पैटर्न अब रेगुलेटर्स की कड़ी निगरानी में है, और यह सवाल खड़े कर रहा है कि क्या कुछ प्रतिभागियों को आने वाली भू-राजनीतिक घटनाओं की पहले से जानकारी थी, जिससे मार्केट की अखंडता (Integrity) और निष्पक्षता पर प्रश्नचिह्न लग रहा है।

$430 मिलियन का बड़ा दांव

हाल ही में, मंगलवार, 21 अप्रैल, 2026 को, ब्रेंट क्रूड फ्यूचर्स (Brent Crude Futures) में शाम 7:54 से 7:56 GMT के बीच लगभग $430 मिलियन के बड़े सेलिंग ऑर्डर देखे गए। ये ट्रेड तब हुए जब प्रेसिडेंट ट्रम्प रात 8:10 GMT पर ईरान के साथ सीजफायर (Ceasefire) को अनिश्चित काल तक बढ़ाने का ऐलान करने वाले थे। ये ट्रेड पोस्ट-सेटलमेंट घंटों में हुए, जब आमतौर पर ट्रेडिंग वॉल्यूम काफी कम होता है, ऐसे में इतने बड़े दांव का लगना बेहद असामान्य था। ऐलान के तुरंत बाद ब्रेंट क्रूड $100.91 से गिरकर $100.66 पर आ गया, और बाद में प्रेसिडेंट के ऐलान के बाद यह $96.83 तक गिर गया।

ईरान पॉलिसी से पहले लगातार दांव

यह $430 मिलियन का ट्रेड कोई अकेला मामला नहीं है। यह इस महीने का चौथा और कुल मिलाकर सातवां ऐसा बड़ा मामला है, जहां अमेरिका की ईरान से जुड़ी प्रमुख पॉलिसी शिफ्ट से ठीक पहले तेल की कीमतों पर बड़ा, दिशात्मक दांव लगाया गया। मार्च में, ईरान के इंफ्रास्ट्रक्चर पर संभावित हमले की धमकी टलने से ठीक पहले $500 मिलियन का एक दांव लगाया गया था। अप्रैल में अब तक कुल मिलाकर लगभग $2.1 बिलियन के दांव लगे हैं, जिसमें सीजफायर ऐलान और हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) की पहुंच को लेकर बयानों से ठीक पहले बड़ी पोजीशन ली गईं।

CFTC की जांच का दायरा

यह सब देखते हुए, यू.एस. कमोडिटी फ्यूचर्स ट्रेडिंग कमीशन (CFTC) इन हाई-टाइम ट्रेड्स की सक्रिय रूप से जांच कर रहा है। जांच CME Group और Intercontinental Exchange (ICE) जैसे प्लेटफॉर्म पर हुई ट्रेडिंग एक्टिविटी पर केंद्रित है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, CFTC विशेष रूप से उन मामलों पर ध्यान दे रहा है जहां प्रमुख पॉलिसी ऐलान से ठीक पहले ट्रेडिंग वॉल्यूम में अचानक बढ़ोतरी हुई। सीनेटर एलिजाबेथ वॉरेन और रिप्रेजेंटेटिव रिची टॉरेस जैसे सांसदों ने भी CFTC से इस जांच का दायरा बढ़ाने और यह पता लगाने का आग्रह किया है कि क्या गैर-सार्वजनिक जानकारी का गलत इस्तेमाल हुआ या अवैध रूप से टिपिंग हुई।

भू-राजनीति और तेल की कीमतें

यह पूरा घटनाक्रम अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के बीच हो रहा है, जिसका वैश्विक तेल की कीमतों पर बड़ा असर पड़ा है। हॉर्मुज जलडमरूमध्य, जो वैश्विक तेल परिवहन का एक महत्वपूर्ण मार्ग है, में किसी भी तरह की रुकावट ने तेल की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव पैदा किया है। 2026 की शुरुआत में ब्रेंट क्रूड की कीमतें $70 से $119 प्रति बैरल के बीच रहीं, और अप्रैल के अंत तक $90-$101 की रेंज में स्थिर हुईं। ऐसे संवेदनशील समय में, डी-एस्केलेशन (de-escalation) के ऐलान से पहले बड़े, टाइम किए गए ट्रेडों का होना, इन महत्वपूर्ण कमोडिटी बाजारों में कीमत निर्धारण की निष्पक्षता पर सवाल खड़े करता है।

मार्केट की निष्पक्षता पर चिंता

इस तरह के ट्रेडों का लगातार होना मार्केट में विश्वास को खतरे में डालता है। रेगुलेटर्स के सामने इरादा साबित करने और ट्रेडों को इनसाइडर जानकारी से जोड़ने की चुनौती है, खासकर डेरिवेटिव्स मार्केट (derivatives market) में जहां सूचना का प्रवाह अक्सर अस्पष्ट होता है। अगर हेरफेर के पुख्ता सबूत मिलते हैं, तो यह तेल फ्यूचर्स मार्केट की पारदर्शिता (Transparency) और निष्पक्षता में विश्वास को कम कर सकता है, जिससे निवेशकों के लिए अधिक अस्थिरता और उच्च लागत हो सकती है।

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Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.