JSW Paints की नई चाल: Akzo Nobel India पर कसा शिकंजा
भारतीय पेंट इंडस्ट्री में हलचल मचाते हुए, JSW Paints Limited ने Akzo Nobel India में अपनी मेजोरिटी हिस्सेदारी का अधिग्रहण सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। इस बड़े कदम के साथ, कंपनी का नाम बदलकर 'JSW Dulux Limited' करने का प्रस्ताव भी दिया गया है, जो रेगुलेटरी अप्रूवल के बाद फाइनल होगा।
तिमाही नतीजे: क्या कहते हैं आंकड़े?
फाइनेंशियल ईयर 2025-26 की तीसरी तिमाही (Q3) के लिए Akzo Nobel India ने ₹907.7 करोड़ का रेवेन्यू रिपोर्ट किया, जो पिछले साल की इसी अवधि की तुलना में 13.6% कम है। रिपोर्टेड EBITDA में 18.7% की गिरावट आई और यह ₹135.7 करोड़ रहा। वहीं, एक्सेप्शनल आइटम्स को छोड़कर, प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) 12.9% गिरकर ₹94.6 करोड़ पर आ गया।
लेकिन, तस्वीर तब बदलती है जब हम उन बिजनसेस को अलग करते हैं जो अब कंपनी का हिस्सा नहीं हैं, जैसे कि पाउडर कोटिंग्स और इंटरनेशनल रिसर्च सेंटर। इन डिवेस्टेड बिजनसेस को हटाने के बाद, कंपनी का कम्पैरेबल रेवेन्यू सिर्फ 1.0% घटकर ₹907.7 करोड़ रहा। कम्पैरेबल EBITDA में 2.0% की मामूली कमी आई और यह ₹135.7 करोड़ दर्ज किया गया। सबसे अच्छी खबर यह है कि कम्पैरेबल PAT (एक्सेप्शनल आइटम्स को छोड़कर) 5.9% की मजबूत बढ़त के साथ ₹94.6 करोड़ तक पहुंच गया।
नौ महीने की अवधि (दिसंबर 2025 तक) के लिए, रिपोर्टेड रेवेन्यू 10.8% घटकर ₹2,737.7 करोड़ रहा, जबकि कम्पैरेबल रेवेन्यू 2.2% की गिरावट के साथ ₹2,737.7 करोड़ पर था। कम्पैरेबल PAT में 7.6% की कमी आई और यह ₹258.5 करोड़ रहा।
आगे क्या?
नए प्रमोटर JSW Paints के तहत, कंपनी के मैनेजमेंट ने ऑपरेशंस को बेहतर ढंग से इंटीग्रेट करने, इनोवेशन, टेक्नोलॉजी और डिजिटल टूल्स में इन्वेस्टमेंट बढ़ाने का इरादा जताया है। उनका लक्ष्य ग्रोथ को नई रफ्तार देना है। निवेशकों की निगाहें इस बात पर होंगी कि JSW नई मैनेजमेंट स्ट्रेटेजी के तहत कंपनी को कितनी अच्छी तरह से आगे बढ़ा पाती है और नए ब्रांड 'JSW Dulux' के तहत क्या कमाल दिखाती है।