GST विभाग का बड़ा एक्शन, ₹31.57 करोड़ की मांग
Axel Polymers Limited के लिए मुश्किलें खड़ी हो गई हैं। सेंट्रल GST और सेंट्रल एक्साइज, वडोदरा II ने कंपनी को एक 'शो कॉज नोटिस' (SCN) जारी किया है। यह नोटिस 19 जनवरी, 2026 का है और कंपनी को 3 फरवरी, 2026 को मिला है। इसमें Financial Year (FY) 2021-22 से लेकर FY 2024-25 तक की अवधि में इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) के कथित तौर पर गलत तरीके से लाभ उठाने और इसे आगे बढ़ाने का आरोप लगाया गया है। इसी आरोप के आधार पर विभाग ने ₹31.57 करोड़ की मांग की है, साथ ही इस पर लगने वाला ब्याज और पेनल्टी भी वसूली जानी है।
कंपनी का मजबूती से जवाब, कानूनी लड़ाई की तैयारी
Axel Polymers इस डिमांड नोटिस को कानूनी तौर पर गलत ठहरा रही है। कंपनी का मानना है कि यह मांग केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर और सीमा शुल्क बोर्ड (CBIC) के सर्कुलर नंबर 171/03/2022-GST, जो 6 जुलाई, 2022 को जारी हुआ था, के विपरीत है। कंपनी ने विशेषज्ञ कानूनी सलाह ली है और इस नोटिस को चुनौती देने के लिए तैयार है। इसके लिए कंपनी गुजरात हाई कोर्ट में रिट पिटीशन (Writ Petition) दाखिल करने जैसे कानूनी विकल्पों पर भी विचार कर रही है।
शेयर पर तत्काल असर नहीं, लेकिन नजर रहेगी
कंपनी ने स्पष्ट किया है कि इस नोटिस का उसके संचालन (Operations) पर कोई तत्काल प्रभाव नहीं पड़ेगा और न ही कंपनी की वित्तीय स्थिति पर कोई तुरंत असर होगा। हालांकि, इस तरह के नोटिस संभावित देनदारियों (contingent liabilities) को दर्शाते हैं। यदि कंपनी कानूनी लड़ाई हार जाती है, तो उसे ₹31.57 करोड़ के साथ-साथ भारी ब्याज और पेनल्टी चुकानी पड़ सकती है, जो उसके मुनाफे और कैश फ्लो पर असर डाल सकता है। कानूनी लड़ाई में लगने वाला खर्च भी बढ़ेगा।
निवेशकों को इस मामले पर पैनी नजर रखनी होगी। कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज को सूचित करने की प्रतिबद्धता जताई है, इसलिए आने वाले समय में इस डेवलपमेंट पर अपडेट्स आते रहेंगे।
