ब्रोकरेज फर्म Motilal Oswal ने Tata Technologies पर 'Sell' रेटिंग बरकरार रखी है। कंपनी का मुनाफा अनुमान से कम रहने और महंगे वैल्यूएशन के चलते ब्रोकरेज ने इसका टारगेट प्राइस ₹630 तय किया है।
Tata Technologies के लिए मुश्किलें कम होती नहीं दिख रही हैं। ब्रोकरेज फर्म Motilal Oswal ने फाइनेंशियल ईयर 2027 की दूसरी तिमाही के नतीजों के बाद कंपनी पर अपना रुख सतर्क रखा है और 'Sell' रेटिंग को दोहराया है। ब्रोकरेज के मुताबिक, शेयर में मौजूदा स्तरों से 15% तक की गिरावट संभव है और इसका टारगेट प्राइस ₹630 रखा गया है।
नतीजों का हाल
दूसरी तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू $178 मिलियन रहा, जिसमें पिछली तिमाही के मुकाबले 1.9% की ग्रोथ देखी गई। हालांकि, सर्विसेज बिजनेस में 4.3% की तिमाही ग्रोथ के बावजूद मार्जिन पर दबाव साफ दिखा। कंपनी का EBIT मार्जिन 12.9% रहा, जो Motilal Oswal के 13.5% के अनुमान से काफी पीछे है।
कंपनी का एडजस्टेड प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) ₹171.4 करोड़ रहा, जबकि ब्रोकरेज को ₹200.4 करोड़ के मुनाफे की उम्मीद थी।
क्यों महंगा है शेयर?
ब्रोकरेज ने वैल्यूएशन पर चिंता जताई है। वर्तमान में Tata Technologies का स्टॉक अपने 12-महीने के फॉरवर्ड P/E रेशियो के 32 गुना पर ट्रेड कर रहा है। ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी की ग्रोथ के मुकाबले यह वैल्यूएशन काफी महंगा है। जब तक कंपनी मुनाफे के लक्ष्यों को पीछे नहीं छोड़ती, तब तक इसमें तेजी की गुंजाइश कम है।
आगे की राह
हालांकि दूसरी छमाही में बिजनेस में सुधार की उम्मीद है, लेकिन ब्रोकरेज का मानना है कि मौजूदा स्टॉक प्राइस में ये उम्मीदें पहले ही शामिल हो चुकी हैं। यह कंपनी मुख्य रूप से Tata Motors और Jaguar Land Rover पर निर्भर है, इसलिए निवेशकों को अब इस बात पर नजर रखनी चाहिए कि क्या कंपनी अपने क्लाइंट बेस को डायवर्सिफाई कर पाती है और मार्जिन को कैसे सुरक्षित रखती है।
