Tata Consultancy Services (TCS) के Q2 नतीजों ने बाजार को खुश कर दिया है। कंपनी के नेट प्रॉफिट में **15%** का जोरदार उछाल देखने को मिला है, जिसके बाद स्टॉक में **5%** की तेजी दर्ज की गई। ब्रोकरेज फर्म आनंद राठी ने भी इस पर बड़ा दांव लगाया है।
TCS के शेयरों में 9 अक्टूबर 2026 को जबरदस्त हलचल देखी गई। नतीजों के दम पर शेयर में 5% का उछाल आया है। ब्रोकरेज फर्म Anand Rathi ने स्टॉक को 'Buy' रेटिंग देते हुए ₹2,430 का टारगेट प्राइस तय किया है, जो मौजूदा लेवल से करीब 17% ऊपर है।
मुनाफे की रफ्तार और AI का दम
कंपनी ने शानदार आंकड़े पेश किए हैं। TCS का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 15% बढ़कर ₹13,884 करोड़ पर पहुंच गया है। वहीं, रेवेन्यू 11.2% बढ़कर ₹73,188 करोड़ रहा। इस ग्रोथ के पीछे सबसे बड़ी ताकत आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) रही है। कंपनी का AI आधारित एनुअल रेवेन्यू $3.1 बिलियन हो गया है, जो कुल कमाई का 10% से ज्यादा है। साथ ही, कंपनी ने $9.6 बिलियन का टोटल कॉन्ट्रैक्ट वैल्यू हासिल किया है, जो भविष्य के लिए मजबूत ऑर्डर बुक दिखाता है।
चुनौतियां और मार्जिन का दबाव
अच्छे नतीजों के बावजूद कंपनी के सामने कुछ मुश्किलें भी हैं। भारत के घरेलू बाजार में 10.3% की गिरावट आई है। वहीं, नॉर्थ अमेरिका, जो IT सेक्टर के लिए सबसे महत्वपूर्ण बाजार है, वहां अभी भी डिमांड सुस्त बनी हुई है। ऑपरेटिंग मार्जिन 24% पर स्थिर है, लेकिन सब-कॉन्ट्रैक्टिंग और स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप में बढ़ते निवेश के चलते आगे मार्जिन पर दबाव रह सकता है।
इसके अलावा, कंपनी ने शेयरधारकों के लिए ₹12 प्रति शेयर के दूसरे अंतरिम डिविडेंड का भी ऐलान किया है। अब निवेशकों की नजरें इस पर टिकी हैं कि कंपनी अपने $9.6 बिलियन के डील्स को कितनी तेजी से रेवेन्यू में बदल पाती है और चुनौतीपूर्ण ग्लोबल मार्केट में मार्जिन को कैसे मैनेज करती है।
