Sai Life Sciences के शेयरों में आज जबरदस्त तेजी देखी गई और यह रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया। कंपनी ने पहली तिमाही में **22%** का मुनाफा दर्ज किया है और कंपनी के पास मौजूदा फाइनेंशियल ईयर के लिए **90%** रेवेन्यू के पक्के ऑर्डर्स मौजूद हैं।
बुधवार को Sai Life Sciences के शेयरों ने एक नया रिकॉर्ड बनाया है। कंपनी CDMO (कॉन्ट्रैक्ट रिसर्च एंड मैन्युफैक्चरिंग ऑर्गेनाइजेशन) सेक्टर में आ रहे उछाल का जमकर फायदा उठा रही है। फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू 12% बढ़कर ₹554 करोड़ हो गया है, जबकि नेट प्रॉफिट में 22% का उछाल दर्ज करते हुए यह ₹73 करोड़ पर पहुंच गया है।
कैपेसिटी विस्तार की तैयारी
कंपनी ने अपनी प्रोडक्शन कैपेसिटी को बढ़ाने के लिए बड़े निवेश का प्लान बनाया है। फाइनेंशियल ईयर 2027 में कंपनी ₹1,100 करोड़ से ₹1,300 करोड़ तक का निवेश करने वाली है, जिसमें बिदर (Bidar) यूनिट का विस्तार भी शामिल है। अच्छी बात यह है कि कंपनी पर कोई बड़ा कर्ज (Debt) नहीं है, जिससे उसे अपनी ग्रोथ योजनाओं को फंड करने में आसानी हो रही है।
रेवेन्यू का मजबूत आधार
कंपनी के मैनेजमेंट के मुताबिक, FY27 के लिए 90% रेवेन्यू पहले से ही फर्म कॉन्ट्रैक्ट्स के जरिए सुरक्षित है। कंपनी फिलहाल 33 एक्टिव कमर्शियल मॉलिक्यूल्स पर काम कर रही है और 14 मॉलिक्यूल्स लेट-फेज डेवलपमेंट में हैं, जो भविष्य में रेवेन्यू के बड़े स्रोत बनेंगे।
जोखिम और चुनौतियां
निवेशकों को यह भी ध्यान रखना चाहिए कि कंपनी बड़े इन्वेस्टमेंट साइकिल में है, जहां किसी भी तरह की देरी या प्रोजेक्ट कमीशनिंग में समस्या मुनाफे पर असर डाल सकती है। साथ ही, ग्लोबल बायोटेक फंडिंग में कमी या कच्चे माल की कीमतों में महंगाई भी मार्जिन के लिए रिस्क पैदा कर सकती है। शेयरधारकों की नजरें अब 17 सितंबर, 2026 को होने वाली 27वीं एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) पर टिकी हैं, जहां मैनेजमेंट भविष्य के ऑर्डर्स और लैब विस्तार पर अपडेट दे सकता है।
