स्पेशलिटी केमिकल्स कंपनी Rossari Biotech ने उम्मीद से बेहतर तिमाही नतीजे पेश किए हैं। एक्सपोर्ट में **34%** की शानदार ग्रोथ और कंज्यूमर बिजनेस में रिकवरी ने नतीजों को रफ्तार दी है। अब कंपनी का लक्ष्य नॉन-कोर एसेट्स बेचकर **2028** तक कर्ज मुक्त होना है।
मुनाफे की नई रफ्तार
वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में Rossari Biotech ने ब्रोकरेज अनुमानों को पीछे छोड़ दिया है। कंपनी के कोर B2B डिवीजनों—होम केयर, पर्सनल केयर, परफॉरमेंस केमिकल्स और टेक्सटाइल केमिकल्स में वॉल्यूम ग्रोथ लगातार जारी है।
एक्सपोर्ट और कंज्यूमर सेगमेंट का जलवा
कंपनी के लिए सबसे राहत भरी बात यह है कि एक्सपोर्ट मार्केट में पिछले साल के मुकाबले 34% की तगड़ी डिमांड देखी गई। साथ ही, कंपनी का B2C सेगमेंट इस तिमाही में ब्रेक-ईवन (breakeven) तक पहुंच गया है, जो साबित करता है कि यह यूनिट अब घाटे के दौर से बाहर निकल चुकी है।
कर्ज मुक्ति का मास्टर प्लान
कंपनी ने अपने बिजनेस स्ट्रक्चर को सरल बनाने के लिए एक नई रणनीति अपनाई है। मैनेजमेंट नॉन-कोर एसेट्स को बेचकर जुटाए गए फंड से कर्ज कम करने पर जोर दे रहा है। लक्ष्य साफ है—2028 की पहली छमाही तक कंपनी को पूरी तरह कर्ज मुक्त बनाना। इस कदम का मकसद कैपिटल एलोकेशन को हाई-ग्रोथ एरियाज में शिफ्ट करना है ताकि निवेशकों को बेहतर रिटर्न मिल सके।
कच्चे माल की चुनौती
केमिकल सेक्टर में इनपुट कॉस्ट हमेशा एक बड़ा रिस्क रहती है। Rossari Biotech के मार्जिन काफी हद तक एथिलीन ऑक्साइड (Ethylene Oxide) की उपलब्धता और उसकी कीमतों पर निर्भर करते हैं। ग्लोबल सप्लाई चेन में आने वाला कोई भी बड़ा बदलाव सीधे तौर पर कंपनी के मैन्युफैक्चरिंग कॉस्ट को प्रभावित कर सकता है।
ब्रोकरेज की क्या है राय?
ब्रोकरेज हाउस Nirmal Bang ने स्टॉक पर अपना टारगेट प्राइस ₹680 तय किया है। जानकारों का मानना है कि कंपनी के आगामी कैपिटल एक्सपेंडिचर (CapEx) प्रोजेक्ट्स पूरा होने के बाद रेवेन्यू और प्रॉफिट में 2029 तक स्थिर ग्रोथ देखने को मिल सकती है। निवेशकों को आने वाली तिमाहियों में कंपनी के कर्ज कम करने की गति और कच्चे माल की कीमतों पर नजर रखनी चाहिए।
