Nifty 50 इस हफ्ते **23,146** के स्तर पर बंद हुआ है, जिसमें **2.78%** की साप्ताहिक बढ़त देखी गई है। यह उछाल मुख्य रूप से IT सेक्टर की तेजी की बदौलत है, लेकिन बाजार में 'कंसंट्रेशन रिस्क' बना हुआ है क्योंकि ब्रॉडर मार्केट अभी भी सुस्त है।
Nifty 50 इंडेक्स ने इस हफ्ते शानदार रिकवरी करते हुए 23,146 का आंकड़ा छुआ है। पिछले हफ्ते के निचले स्तरों से यह 2.78% की मजबूत वापसी है, जिसे 23,100 से 23,200 की रेंज में मिली भारी डिमांड का साथ मिला। हालांकि, जैसे-जैसे इंडेक्स 23,250 से 23,300 के रेजिस्टेंस जोन के करीब पहुंच रहा है, निवेशकों की नजरें सेलिंग प्रेशर पर टिकी हैं। टेक्निकल इंडिकेटर्स के मुताबिक, यह स्तर एक बड़ी बाधा हो सकता है।
रैली में 'असंतुलन' की चिंता
मौजूदा तेजी का सबसे बड़ा कारण IT सेक्टर रहा है, जिसने एक हफ्ते में करीब 11.5% का दमदार प्रदर्शन किया है। चूंकि Nifty 50 में IT स्टॉक्स का वेटेज काफी अधिक है, इसलिए वे इंडेक्स को ऊपर खींचने में सफल रहे हैं, जबकि मिड-कैप और स्मॉल-कैप सेगमेंट में अभी भी सुस्ती है। अगर बाजार को 23,450 से 23,500 के स्तर तक जाना है, तो अन्य सेक्टरों का साथ मिलना बेहद जरूरी है।
स्टॉक्स रडार पर
- Lemon Tree Hotels Ltd: यह शेयर 100-102 के दायरे में लगातार सपोर्ट बना रहा है। हॉस्पिटैलिटी सेक्टर की ग्रोथ के साथ एनालिस्ट्स इस पर नजर बनाए हुए हैं।
- Indian Hotels Company Ltd: ब्रेकआउट के बाद शेयर कंसोलिडेट कर रहा है, जो टूरिज्म सेक्टर के निवेशकों के लिए एक महत्वपूर्ण सिग्नल है।
- Supreme Industries Ltd: इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़ी यह कंपनी 3,200-3,290 के रेंज में मजबूती दिखा रही है।
निवेशकों के लिए अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या यह रैली अन्य सेक्टरों में फैलेगी? बाजार की स्थिरता के लिए ब्रॉडर मार्केट का पार्टिसिपेशन बहुत जरूरी है।
