Motilal Oswal ने Nifty की कंपनियों के शानदार प्रदर्शन को देखते हुए FY27 और FY28 के लिए EPS अनुमानों में बढ़ोतरी की है। कंपनियों ने सालाना आधार पर **22%** का मुनाफ़ा दर्ज किया है, हालांकि बाजार की कमजोरी और विदेशी निवेशकों की बिकवाली अभी भी निवेशकों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है।
Motilal Oswal Financial Services ने Nifty 50 इंडेक्स के लिए अपने अर्निंग्स प्रति शेयर (EPS) अनुमानों को ऊपर की ओर रिवाइज किया है, जो कॉरपोरेट मुनाफे को लेकर एक सकारात्मक संकेत है। ब्रोकरेज ने FY27 के लिए EPS अनुमान को 1.1% बढ़ाकर ₹1,247 और FY28 के लिए 1.6% बढ़ाकर ₹1,428 कर दिया है। यह फैसला दूसरी तिमाही के उन नतीजों के बाद आया है, जिसमें Nifty की कंपनियों ने सालाना आधार पर 22% की जोरदार प्रॉफिट ग्रोथ दिखाई है।
कहाँ से आ रही है ग्रोथ?
ब्रोकरेज की कवरेज लिस्ट में शामिल कंपनियों ने टैक्स के बाद मुनाफे (PAT) में 33% का उछाल दर्ज किया है। इस ग्रोथ का मुख्य श्रेय BFSI, मेटल्स और ऑयल एंड गैस सेक्टर को जाता है, जिन्होंने कुल मुनाफे में 78% का योगदान दिया है। इसमें Reliance Industries, JSW Steel, ICICI Bank, Axis Bank और Coal India जैसे दिग्गज शामिल हैं। हालांकि, फाइनेंशियल सेक्टर को छोड़कर EBITDA मार्जिन में मामूली 20 बेसिस पॉइंट्स की गिरावट आई है, जो दर्शाता है कि कंपनियां लागत के दबाव को बखूबी संभाल रही हैं।
बाजार के लिए चुनौतियां
उम्मीदों के बावजूद मार्केट का माहौल मिला-जुला है। हेल्थकेयर और सीमेंट जैसे सेक्टर अभी भी सुस्त बने हुए हैं। साथ ही, मार्केट की चौड़ाई (Breadth) पर नजर डालें तो 'एडवांस-डिक्लाइन रेश्यो' 7 महीने के निचले स्तर पर है, जिसका मतलब है कि रैली में कम शेयरों का पार्टिसिपेशन है। इसके अलावा, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) की लगातार बिकवाली, बढ़ती बॉन्ड यील्ड और कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव मार्केट के लिए बड़ा रिस्क बना हुआ है। Motilal Oswal के शेयर हालिया ट्रेडिंग सत्र में 2.38% बढ़कर ₹964.40 पर बंद हुए।
