ब्रोकरेज फर्म Motilal Oswal ने Petronet LNG पर अपनी कवरेज शुरू की है। कोच्चि टर्मिनल की क्षमता और दहेज प्लांट के स्थिर टैरिफ को कंपनी की कमाई बढ़ाने वाला मुख्य आधार माना जा रहा है।
ब्रोकरेज हाउस Motilal Oswal ने अपनी हालिया रिसर्च रिपोर्ट में Petronet LNG के भविष्य को लेकर काफी सकारात्मक रुख दिखाया है। ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी का कोच्चि टर्मिनल आने वाले समय में मुनाफे का एक बड़ा जरिया बनेगा।
कोच्चि टर्मिनल से बढ़ेगा रेवेन्यू
कोच्चि टर्मिनल, जो अब तक कम उपयोग (low utilization) की समस्या से जूझ रहा था, अब अपनी रफ्तार पकड़ रहा है। कंपनी ने यहाँ 'गैसिंग अप' और 'कूलिंग डाउन' जैसी सेवाओं में दक्षता हासिल कर ली है, जिससे टर्नअराउंड टाइम घटकर केवल 1.5 दिन रह गया है। यह उपलब्धि अब सिंगापुर जैसे वैश्विक मानकों के बराबर है। कंपनी का लक्ष्य अगले 3 साल में कोच्चि टर्मिनल की क्षमता उपयोग को 40% तक पहुँचाना है।
पाइपलाइन और इन्फ्रास्ट्रक्चर पर नजर
कंपनी के लिए सबसे बड़ा ट्रिगर 'कोच्चि-मंगलौर-बैंगलोर पाइपलाइन' है। मार्च 2027 तक इसके पूरा होने की उम्मीद है। यह पाइपलाइन कोच्चि टर्मिनल को नेशनल गैस ग्रिड से जोड़ देगी, जिससे गैस की सप्लाई और डिस्ट्रीब्यूशन आसान हो जाएगा।
दहेज प्लांट और टैरिफ की स्थिति
Petronet का दहेज टर्मिनल अभी भी उसका सबसे अहम एसेट है। पहले निवेशकों में इस बात को लेकर डर था कि यहाँ टैरिफ में कटौती हो सकती है, जिससे मार्जिन पर बुरा असर पड़ेगा। लेकिन, नई जानकारियों के अनुसार कतर के साथ कॉन्ट्रैक्ट का टैरिफ ढांचा काफी मजबूत है। हालांकि, विश्लेषकों ने 2028 फाइनेंशियल ईयर के लिए 5% की मामूली टैरिफ कटौती का अनुमान लगाया है।
रिस्क फैक्टर
पिछले 7 महीनों में स्टॉक ने कुछ उतार-चढ़ाव देखे हैं, जिसकी मुख्य वजह Qatar Energy की ओर से फोर्स मेज्यूर (force majeure) घोषणा और ग्लोबल मार्केट में गैस की बढ़ती कीमतें थीं। स्पॉट गैस की कीमतें इस साल की पहली छमाही में USD 19-20 प्रति MMBtu तक पहुँच गई थीं, जो पिछले साल USD 12 थीं। अब कंपनी का भविष्य इस बात पर निर्भर करेगा कि वह इन कमोडिटी प्राइस रिस्क को कैसे मैनेज करती है और बंकर फ्यूल सप्लाई जैसे नए बिजनेस में कैसे कदम बढ़ाती है।
