Millworks Technologies के SME IPO में निवेशकों का उत्साह चरम पर है। दूसरे दिन ही यह इश्यू **17.17** गुना से ज्यादा सब्सक्राइब हो गया है, जिसमें रिटेल निवेशकों की भारी भागीदारी देखी जा रही है। यह **₹160.34 करोड़** का IPO **16 जुलाई** को बंद होगा और इसका इस्तेमाल मशीनरी विस्तार और वर्किंग कैपिटल के लिए किया जाएगा।
IPO में निवेशकों का जबरदस्त क्रेज
Millworks Technologies का SME IPO बोलियां खुलने के दूसरे दिन ही यानी 15 जुलाई की सुबह तक 17.17 गुना से ज्यादा सब्सक्राइब हो चुका है। 14 जुलाई को खुला यह इश्यू रिटेल निवेशकों के बीच खासी लोकप्रियता हासिल कर रहा है, जिन्होंने अपने कोटे का 29.31 गुना आवेदन किया है। वहीं, नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (NIIs) का कोटा भी करीब 14 गुना बुक हो चुका है। कंपनी 35,18,800 शेयरों के लिए पब्लिक ऑफर ला रही है, जबकि कुल 6 करोड़ से ज्यादा शेयरों के लिए बिड प्राप्त हुई हैं।
IPO की कीमत और फंड का उपयोग
कंपनी ने इस ₹160.34 करोड़ के IPO के लिए प्रति इक्विटी शेयर ₹315 से ₹331 का प्राइस बैंड तय किया है। यह ऑफर पूरी तरह से 48.44 लाख शेयरों के फ्रेश इश्यू के रूप में है, जिसमें कोई ऑफर-फॉर-सेल (OFS) घटक शामिल नहीं है। IPO से जुटाई गई राशि का उपयोग कंपनी की कैपिटल स्पेंडिंग योजनाओं को बढ़ावा देने के लिए किया जाएगा। इसमें ₹61.03 करोड़ प्लांट और मशीनरी की खरीद के लिए और ₹81.50 करोड़ वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने के लिए रखे गए हैं।
वित्तीय प्रदर्शन और बिज़नेस मॉडल
Millworks Technologies, जो डिफेंस, एयरोस्पेस, रेलवे और सेमीकंडक्टर जैसे क्षेत्रों के लिए सटीक-मशीन कॉम्पोनेन्ट और इंटीग्रेटेड असेंबली के निर्माण में माहिर है, ने फाइनेंशियल ईयर 2026 के लिए अपने वित्तीय आंकड़ों में तेज वृद्धि दर्ज की है। कंपनी का नेट प्रॉफिट पिछले साल के ₹5.2 करोड़ से बढ़कर ₹37.1 करोड़ हो गया, जबकि कुल रेवेन्यू ₹22.1 करोड़ से बढ़कर ₹148.8 करोड़ हो गया। यह विस्तार डोमेस्टिक और एक्सपोर्ट दोनों बाजारों से समर्थित है, जिसमें डोमेस्टिक सेल्स कंपनी के कुल रेवेन्यू का 73% है।
हालांकि कंपनी ड्रोन और सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग जैसे हाई-ग्रोथ सेगमेंट में काम करती है, लेकिन निवेशकों को इसके बिल्ड-टू-प्रिंट और बिल्ड-टू-स्पेक बिज़नेस मॉडल से जुड़े जोखिमों से अवगत रहना चाहिए। इन मॉडलों में अक्सर ओरिजिनल इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर (OEM) की मांग पर भारी निर्भरता शामिल होती है, और कंपनी के प्रॉफिट मार्जिन बनाए रखने की क्षमता बड़े पैमाने पर ऑर्डर्स को समय-सीमा के भीतर निष्पादित करने और कच्चे माल की कीमतों में उतार-चढ़ाव के प्रबंधन पर निर्भर करेगी।
निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण बातें
इस IPO को ट्रैक करने वाले निवेशकों को ध्यान देना चाहिए कि ग्रे मार्केट की भावना अक्सर उच्च प्रत्याशा को दर्शाती है, लेकिन यह लिस्टिंग परफॉर्मेंस या भविष्य की स्टॉक स्थिरता की गारंटी नहीं देती है। IPO के बाद कंपनी का प्राथमिक ध्यान नई मशीनरी की समय पर स्थापना और FY26 में देखी गई ग्रोथ मोमेंटम को बनाए रखने के लिए वर्किंग कैपिटल के प्रभावी उपयोग पर होगा। यह इश्यू 16 जुलाई तक सब्सक्रिप्शन के लिए खुला रहेगा, और शेयरों के 21 जुलाई को BSE SME प्लेटफॉर्म पर लिस्ट होने की उम्मीद है। आगे के अपडेट अंतिम सब्सक्रिप्शन नंबर, शेयर आवंटन प्रक्रिया और कंपनी की कैपिटल स्पेंडिंग और डिलीवरी लक्ष्यों को पूरा करने की क्षमता पर निर्भर करेंगे।
