Motilal Oswal का अनुमान: 17% ग्रोथ और नए व्हीकल्स का दम
Motilal Oswal की रिपोर्ट के मुताबिक, Mahindra & Mahindra (M&M) वित्त वर्ष 2028 तक 17% की सालाना रेवेन्यू ग्रोथ, 15% EBITDA ग्रोथ और 18% प्रॉफिट ग्रोथ हासिल कर सकती है। इस ग्रोथ का मुख्य कारण कंपनी की आक्रामक प्रोडक्ट लॉन्च स्ट्रेटेजी है। इसमें XUV7XO और XEV 9S जैसे नए ICE (Internal Combustion Engine) व्हीकल्स, 2026 में आने वाले LCV (Light Commercial Vehicle) मॉडल्स और 2027 में NU-IQ प्लेटफॉर्म का लॉन्च शामिल है।
शेयर में तेजी, टारगेट प्राइस ₹4000+!
Mahindra & Mahindra का शेयर फिलहाल लगभग ₹3,220 के आसपास ट्रेड कर रहा है, जो पिछले साल के मुकाबले लगभग 20% बढ़ा है। 34 में से 33 एनालिस्ट्स ने इस स्टॉक पर 'Strong Buy' की रेटिंग दी है। इन एनालिस्ट्स ने औसतन ₹4,155 से लेकर ₹4,192 तक का टारगेट प्राइस दिया है, जबकि Motilal Oswal ने अपना टारगेट ₹3,825 तय किया है। यह मौजूदा स्तरों से काफी अच्छी तेजी का संकेत देता है।
ऑटो सेक्टर की चाल और M&M का प्रदर्शन
फाइनेंशियल ईयर 2026 की पहली तिमाही (Q1 FY26) में ऑटो सेक्टर में मिले-जुले नतीजे दिखे। जहां कुल बिक्री बढ़ी, वहीं पैसेंजर और कमर्शियल व्हीकल्स में डिमांड का दबाव देखा गया। हालांकि, ट्रैक्टर और थ्री-व्हीलर सेगमेंट में अच्छी ग्रोथ रही। Mahindra & Mahindra ने Q1 FY26 में दमदार प्रदर्शन करते हुए कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में 22% और प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) में 24% की सालाना बढ़ोतरी दर्ज की, जिसमें एसयूवी (SUV) और ट्रैक्टर डिविजन का बड़ा योगदान रहा। कंपनी की रॉ मटेरियल हेजिंग (raw material hedging) स्ट्रेटेजी इनपुट कॉस्ट में उतार-चढ़ाव से बचाव करती है।
वैल्यूएशन और कंपेटिटर्स
Mahindra & Mahindra का वैल्यूएशन (Valuation) फिलहाल इसके पिछले बारह महीनों की कमाई (trailing twelve-month earnings) के मुकाबले लगभग 23-26 गुना P/E (Price-to-Earnings) पर है। यह Maruti Suzuki के 25.96-26.7 गुना P/E के करीब है, लेकिन Tata Motors के पैसेंजर व्हीकल डिविजन (लगभग 18.6 गुना P/E) से ज्यादा है। लगभग ₹4 ट्रिलियन की मार्केट कैपिटलाइजेशन वाली M&M का बिजनेस मॉडल एसयूवी, एलसीवी और ट्रैक्टर तक फैला है, जो Maruti Suzuki के मुकाबले काफी अलग है।
मुख्य जोखिम और चिंताएं
कंपनी के प्रमोटर्स की हिस्सेदारी 18.4% है, जो अपेक्षाकृत कम मानी जाती है। ऑटो मार्केट में कॉम्पिटिशन बहुत ज्यादा है, खासकर पैसेंजर और कमर्शियल व्हीकल्स में। वित्त वर्ष 2027 में ट्रैक्टर की डिमांड में संभावित नरमी एक बड़ा जोखिम है। लगातार बढ़ती रॉ मटेरियल की कीमतें भी मुनाफे पर दबाव डाल सकती हैं। इसके अलावा, स्टॉक का P/E रेशियो अपने 10 साल के औसत से ऊपर चल रहा है, जो यह दर्शाता है कि भविष्य की ग्रोथ की उम्मीदें पहले से ही कीमत में शामिल हो सकती हैं।
भविष्य की राह
Mahindra & Mahindra अपने बड़े प्रोडक्ट पाइपलाइन और प्रमुख मार्केट सेगमेंट में लीडरशिप के दम पर आगे बढ़ने के लिए तैयार है। कंपनी शेयरहोल्डर वैल्यू बढ़ाने के अवसरों पर भी ध्यान केंद्रित कर रही है। एनालिस्ट्स का भरोसा कायम है और वे 'Strong Buy' रेटिंग व ऊंचे टारगेट प्राइस के साथ इसमें निवेश की सलाह दे रहे हैं। हालांकि, इस ग्रोथ को हासिल करने के लिए कंपनी को बदलते बाजार हालात और बढ़ती प्रतिस्पर्धा के बीच लगातार मजबूत एग्जीक्यूशन (execution) दिखाना होगा।
