Kotak Securities की पसंद: CAMS और Kalpataru Projects में दिखे दमदार संकेत

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AuthorMehul Desai|Published at:
Kotak Securities की पसंद: CAMS और Kalpataru Projects में दिखे दमदार संकेत

ब्रोकरेज फर्म Kotak Securities ने Computer Age Management Services (CAMS) और Kalpataru Projects पर अपना पॉजिटिव आउटलुक जारी किया है। रिपोर्ट में इन कंपनियों के बेहतर नतीजों और भविष्य की ग्रोथ को मुख्य आधार माना गया है।

CAMS का बदलता बिज़नेस मॉडल

भारत के म्यूचुअल फंड इंफ्रास्ट्रक्चर में 68% मार्केट शेयर रखने वाली कंपनी CAMS अब अपने पारंपरिक बिज़नेस से हटकर डाइवर्सिफिकेशन पर जोर दे रही है। हालांकि रेगुलेटरी बदलावों के चलते TER यील्ड पर दबाव की आशंका है, लेकिन कंपनी ने इसे नए रास्तों से मैनेज किया है। रिपोर्ट के मुताबिक, म्यूचुअल फंड के बाहर की कमाई में 28% की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। खास तौर पर 'CAMS Pay' पेमेंट एग्रीगेटर सेगमेंट ने साल-दर-साल 70% की शानदार ग्रोथ दिखाई है, जो कंपनी को फीस आधारित आय पर निर्भरता कम करने में मदद कर रही है।

Kalpataru Projects की मजबूत रफ्तार

Kalpataru Projects International ने ऑपरेशनल लेवल पर बेहतरीन परफॉर्मेंस दी है। कंपनी की ऑर्डर बुक अब तक के सबसे उच्चतम स्तर यानी ₹66,607 करोड़ पर पहुंच गई है, जिससे अगले 2.5 सालों तक रेवेन्यू की विजिबिलिटी बनी हुई है। फाइनेंशियल ईयर 2027 की पहली तिमाही में कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 46% उछलकर ₹312 करोड़ पर पहुंच गया। इसके अलावा, कंपनी का डेट मैनेजमेंट काफी प्रभावी रहा है; नेट डेट में साल-दर-साल 67% की भारी गिरावट आई है और यह घटकर ₹917 करोड़ रह गया है, जबकि EBITDA मार्जिन 8.8% पर बेहतर हुआ है।

रिस्क फैक्टर पर नजर

निवेशकों को इन कंपनियों से जुड़े जोखिमों को भी नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। CAMS के लिए रेगुलेटरी बदलाव और मार्जिन प्रेशर बड़ी चुनौती बने हुए हैं। वहीं, Kalpataru Projects के लिए लेबर शॉर्टेज, सप्लाई चेन की दिक्कतें और पश्चिम एशिया के अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भू-राजनीतिक अस्थिरता बड़े रिस्क के तौर पर देखे जा रहे हैं।

Disclaimer: This article is published for informational purposes only. This is not a buy sell recommendation.