ICICI Securities ने Just Dial के लिए अपना टारगेट प्राइस **₹825** तय किया है। ब्रोकरेज फर्म ने कंपनी के **9.9%** रेवेन्यू ग्रोथ और कलेक्शन में बढ़ोतरी का जिक्र किया है। निवेशकों को आने वाले मैनेजमेंट बदलाव पर भी नजर रखनी चाहिए, क्योंकि फाउंडर VSS Mani पद छोड़ेंगे और Dinkar Ayilavarapu अगस्त में चार्ज संभालेंगे।
ICICI Securities का Just Dial पर नया नज़रिया
ब्रोकरेज फर्म ICICI Securities ने Just Dial के शेयर के लिए ₹825 का नया टारगेट प्राइस तय किया है। यह फैसला कंपनी के हालिया प्रदर्शन पर आधारित है, जिसमें सालाना आधार पर रेवेन्यू में 9.9% की बढ़ोतरी देखी गई है। यह ग्रोथ पेड कैंपेन्स में 3.5% की बढ़ोतरी और प्राइसिंग स्ट्रैटेजी में बदलाव से भी सपोर्ट हुई है।
कलेक्शन में उछाल, लेकिन मार्जिन पर दबाव
ताजा आंकड़ों के मुताबिक, कंपनी के कलेक्शन में सालाना आधार पर 13.7% की बढ़ोतरी हुई है, जो इसके बिजनेस लिस्टिंग सर्विसेज की लगातार डिमांड को दर्शाता है। हालांकि, रेवेन्यू और कलेक्शन में ग्रोथ के बावजूद, EBITDA मार्जिन में पिछले साल की तुलना में 233 बेसिस पॉइंट्स की गिरावट आई है। इस मार्जिन प्रेशर का कारण ऑपरेटिंग कॉस्ट में बढ़ोतरी है, खासकर मार्केटिंग पर ज्यादा खर्च और तिमाही के दौरान 267 नए कर्मचारियों की नियुक्ति।
एक्टिव लिस्टिंग्स में बढ़त जारी
इन सबके बीच, कंपनी के प्लेटफॉर्म पर एक्टिविटीज बढ़ी हैं। एक्टिव लिस्टिंग्स 5.61 करोड़ तक पहुंच गई हैं, जो पिछले साल के मुकाबले 12.9% ज्यादा है। पिछले तिमाही की तुलना में इसमें 2.6% की बढ़ोतरी हुई है। यह ग्रोथ कंपनी के डेटाबेस और रीच को बढ़ाने के प्रयासों का एक बड़ा संकेत है।
मैनेजमेंट में अहम बदलाव
निवेशकों के लिए सबसे बड़ा फोकस आने वाले लीडरशिप बदलाव पर है। कंपनी के फाउंडर VSS Mani 31 जुलाई, 2026 को CEO और मैनेजिंग डायरेक्टर के पद से हट जाएंगे। उनकी जगह Flipkart के पूर्व एग्जीक्यूटिव Dinkar Ayilavarapu लेंगे, जो 1 अगस्त, 2026 से CEO-डेजिग्नेट के तौर पर चार्ज संभालेंगे। कंपनी ने दिनेश तलुजा को नया चीफ फाइनेंशियल ऑफिसर (CFO) भी नियुक्त किया है।
आगे क्या?
एनालिस्ट्स का मानना है कि नए मैनेजमेंट के तहत कंपनी की स्ट्रेटेजिक डायरेक्शन निवेशकों की भावना और भविष्य के वैल्यूएशन को प्रभावित कर सकती है। ICICI Securities का यह टारगेट प्राइस, 2028 फाइनेंशियल ईयर के लिए अनुमानित 3x वन-ईयर फॉरवर्ड एंटरप्राइज वैल्यू टू EBITDA मल्टीपल और 12x वन-ईयर फॉरवर्ड अर्निंग्स पर शेयर (EPS) मल्टीपल के आधार पर कैलकुलेट किया गया है।
यह देखना अहम होगा कि नया नेतृत्व प्रॉफिट मार्जिन पर आए दबाव को कैसे संभालता है। एक्टिव लिस्टिंग्स में ग्रोथ बनाए रखने और बढ़ते खर्चों (जैसे कि कर्मचारियों की संख्या और मार्केटिंग) के बीच संतुलन ही आने वाली तिमाहियों में कंपनी की वित्तीय सेहत तय करेगा।
