घरेलू मांग से होटल स्टॉक्स में तेजी, पर वैश्विक चुनौतियाँ भी
JM Financial की नई रिपोर्ट के अनुसार, भारतीय होटल सेक्टर में रिकवरी का रास्ता थोड़ा मिला-जुला है। एक तरफ, मजबूत घरेलू मांग (Domestic Demand) की वजह से Q4 में ऑक्यूपेंसी (70-72%) और एवरेज रूम रेट (ARR) में साल-दर-साल (8-10%) का इजाफा हुआ।
वहीं, मार्च के महीने में भू-राजनीतिक तनाव (Geopolitical Tensions) और अंतरराष्ट्रीय यात्रा में आई रुकावटों के चलते RevPAR में मिड-सिंगल डिजिट की गिरावट देखी गई। यह ट्रेंड Q1FY27 में भी जारी रहने की उम्मीद है। ब्रोकरेज का अनुमान है कि Q1FY27 के लिए इंडस्ट्री RevPAR ग्रोथ 5-6% रह सकती है, जो Q3 के 12-13% से कम है। इससे यह साफ है कि विदेशी यात्रा पर बहुत ज्यादा निर्भर रहना ठीक नहीं होगा।
टॉप स्टॉक्स में बड़ा Upside, निवेशकों को हो सकता है फायदा
JM Financial को भारतीय होटल स्टॉक्स में बड़ा पोटेंशियल दिख रहा है, और यह 79% तक का Upside सुझा रहा है। Juniper Hotels को 'Buy' रेटिंग दी गई है, जिसका टारगेट प्राइस ₹390 (मौजूदा भाव ~₹210) रखा गया है, जो एक बड़ी बढ़ोतरी का संकेत है।
Chalet Hotels को भी ₹1,110 के टारगेट के साथ पसंद किया गया है, जो 44% की तेजी दर्शाता है। Ventive Hospitality का टारगेट ₹920 (मौजूदा भाव ₹600) है, जो 51% का गेन दे सकता है। Brigade Enterprises के होटल डिवीजन के लिए ₹95 का टारगेट है, जो मौजूदा भाव (₹60) से 50% से ज्यादा का Upside है।
बड़ी कंपनियों की बात करें तो, Indian Hotels Company (IHCL) का टारगेट ₹850 (मौजूदा भाव ~₹640) और Lemon Tree Hotels का टारगेट ₹165 (मौजूदा भाव ₹120) है। दोनों में ही अच्छी खासी तेजी की उम्मीद है। ITC Limited के होटल सेगमेंट को ₹235 पर 'Buy' रेटिंग मिली है, जबकि Hotel Leelaventure Ltd. के लिए ₹600 का टारगेट है, जिससे मौजूदा भाव (₹380) से 50% से ज्यादा की कमाई हो सकती है।
ग्रोथ अनुमानों में बदलाव, मार्जिन स्थिर
घरेलू मांग के मजबूत होने के बावजूद, ब्रोकरेज के ग्रोथ अनुमानों में कुछ नरमी आई है। Q1FY27 के लिए RevPAR ग्रोथ का अनुमान घटाकर 5-6% किया गया है। Lemon Tree Hotels करीब 9% RevPAR ग्रोथ के साथ सबसे आगे रह सकती है, इसके बाद Ventive, Leela और Juniper का नंबर आता है।
हालांकि, Chalet और Brigade Hotels में RevPAR में कोई खास बढ़ोतरी या हल्की गिरावट की आशंका है। अच्छी खबर यह है कि EBITDA मार्जिन्स साल-दर-साल (Year-over-Year) मोटे तौर पर स्थिर रहने की उम्मीद है। बड़े कैप के भारतीय होटलों का औसत P/E रेशियो 30-40x के आसपास है, जबकि मिड-कैप 25-35x पर ट्रेड कर रहे हैं।
सेक्टर के लिए बड़े जोखिम
घरेलू मांग मजबूत होने के बावजूद, सेक्टर के लिए कुछ बड़े जोखिम भी मौजूद हैं। प्री-कोविड स्तरों से ARRs में 45% की भारी बढ़ोतरी की स्थिरता पर सवाल हैं, खासकर अगर भारत की आर्थिक वृद्धि धीमी होती है।
भारत में किसी भी तेज आर्थिक मंदी से लोगों के खर्च करने की क्षमता पर सीधा असर पड़ेगा, जिससे होटल की ऑक्यूपेंसी और रेट्स प्रभावित हो सकते हैं। जो कंपनियां विदेशी पर्यटकों (FTAs) पर ज्यादा निर्भर हैं, उन्हें घरेलू मांग से चलने वाली कंपनियों के मुकाबले ज्यादा दबाव झेलना पड़ सकता है।
इसके अलावा, बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव (Escalating Geopolitical Tensions) या अंतरराष्ट्रीय हवाई यात्रा में कोई बड़ी बाधा सेक्टर की संभावनाओं को और कम कर सकती है। IHCL की ग्रोथ नए कमरों से आ रही है, पर इसके अंतरराष्ट्रीय बाजार में विस्तार पर भी नजर रखनी होगी। Hotel Leelaventure Ltd. को मध्यम अवधि के लिए बेहतर माना जा रहा है, लेकिन लागत में वृद्धि इसके प्रॉफिट मार्जिन पर असर डाल सकती है।
Q1 FY27 के लिए JM Financial का नज़रिया
JM Financial सेक्टर को लेकर सतर्कता के साथ आशावादी बनी हुई है। वे Lemon Tree Hotels जैसी कंपनियों को बेहतर प्रदर्शन करने वाली मान रहे हैं, जिनकी विदेशी यात्रा पर निर्भरता कम है। Leela और Chalet Hotels को मध्यम अवधि की ग्रोथ के लिए भी पसंद किया गया है।
Q1 FY27 के लिए इंडस्ट्री RevPAR ग्रोथ 5-6% रहने का अनुमान है, बशर्ते घरेलू मांग इसी तरह बनी रहे और कोई बड़े भू-राजनीतिक या आर्थिक झटके न लगें।