HEG Ltd ने अपने कारोबार के बटवारे (Demerger) के लिए **7 सितंबर, 2026** को रिकॉर्ड डेट घोषित कर दी है। इस योजना के तहत कंपनी अपने ग्रेफाइट इलेक्ट्रोड बिजनेस को अलग करेगी और निवेशकों को **1:1** के अनुपात में शेयर मिलेंगे।
डीमर्जर की पूरी प्रक्रिया
HEG Ltd ने अपने कॉरपोरेट रिस्ट्रक्चरिंग प्लान की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। इस स्कीम के तहत, ग्रेफाइट इलेक्ट्रोड बिजनेस को एक नई एंटिटी में अलग किया जाएगा, जिसका नाम HEG Ltd ही रहेगा। वहीं, पुरानी कंपनी का नाम बदलकर HEG Advanced Materials कर दिया जाएगा। यह बची हुई कंपनी अब एडवांस्ड मैटेरियल्स, बैटरी और ग्रीन पावर बिजनेस पर फोकस करेगी। इसके साथ ही, Bhilwara Energy का विलय भी इसी रिस्ट्रक्चरिंग का हिस्सा है, जिससे ग्रुप की पावर एसेट्स को एक नई मजबूती मिलेगी।
कंपनी की फाइनेंशियल सेहत
HEG की बैलेंस शीट काफी मजबूत स्थिति में है। कंपनी पर कोई लॉन्ग-टर्म डेट (Debt) नहीं है और उसके पास पर्याप्त कैश रिजर्व मौजूद है। इस फाइनेंशियल फ्लेक्सिबिलिटी का उपयोग अब कंपनी के हाई-ग्रोथ एरिया जैसे बैटरी कंपोनेंट्स और ग्रीन एनर्जी में किया जाएगा। ग्रेफाइट इलेक्ट्रोड का बिजनेस अक्सर स्टील इंडस्ट्री की मांग पर निर्भर रहता है, इसलिए इस अलगाव से निवेशकों को दोनों अलग-अलग बिजनेस की परफॉर्मेंस को बेहतर तरीके से समझने में मदद मिलेगी।
मार्केट का नजरिया और रिस्क
हाल के दिनों में स्टॉक ₹675 से ₹700 के सपोर्ट बेस के आसपास कंसोलिडेट हो रहा है। तकनीकी जानकारों के मुताबिक, स्टॉक का ट्रेंड 2023 की शुरुआत से ही पॉजिटिव बना हुआ है। हालांकि, डीमर्जर के बाद दोनों कंपनियों की अलग-अलग वैल्यूएशन मार्केट पर निर्भर करेगी। निवेशकों को यह ध्यान रखना चाहिए कि ग्रेफाइट इलेक्ट्रोड सेक्टर में ग्लोबल स्टील की मांग और कच्चे माल की कीमतों में उतार-चढ़ाव का सीधा असर पड़ता है। आने वाले हफ्तों में नई एंटिटी की लिस्टिंग और उसके प्राइस डिस्कवरी पर निवेशकों की पैनी नजर रहेगी।
