GMR Airports ने Q2 में **₹14.8 बिलियन** का ऑपरेटिंग प्रॉफिट (EBITDA) दर्ज किया है। पैसेंजर ट्रैफिक में महज **1%** की मामूली ग्रोथ के बावजूद कंपनी ने उम्मीदों से बेहतर नतीजे पेश किए हैं।
मुनाफे की रफ्तार और बिजनेस परफॉर्मेंस
GMR Airports Infrastructure ने अपने हालिया नतीजों में दमदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट (EBITDA) ₹14.8 बिलियन पर पहुंच गया है, जो पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 2% ज्यादा है। यह आंकड़ा बड़े ब्रोकरेज हाउसों के अनुमानों से करीब 6% बेहतर रहा है। कंपनी का रेवेन्यू भी सालाना आधार पर 12% बढ़ा है, जिसका मुख्य कारण नागपुर और विशाखापत्तनम में नए प्रोजेक्ट्स की शुरुआत है।
ट्रैफिक का हाल और चिंताएं
भले ही वित्तीय नतीजे अच्छे रहे हों, लेकिन ऑपरेशनल डेटा निवेशकों के लिए मिला-जुला संकेत दे रहा है। पैसेंजर ट्रैफिक की ग्रोथ सुस्त होकर 1% पर स्थिर रही। अगर हम नए प्रोजेक्ट्स के असर को हटा दें, तो ट्रैफिक में असल में 3% की गिरावट आई है। एयरपोर्ट सेक्टर में यात्रियों की संख्या ग्रोथ का मुख्य इंजन होती है, इसलिए निवेशकों के लिए यह डेटा पॉइंट बेहद अहम है।
प्रति यात्री कमाई पर जोर
ट्रैफिक की कमी को पूरा करने के लिए कंपनी ने 'प्रति यात्री कमाई' बढ़ाने की रणनीति अपनाई है। नॉन-एरोनॉटिकल इनकम (शॉप्स, ड्यूटी-फ्री और विज्ञापनों से कमाई) तिमाही-दर-तिमाही 12% बढ़कर ₹772 प्रति यात्री तक पहुंच गई है। इसके अलावा, एरोनॉटिकल यील्ड (लैंडिंग और पार्किंग फीस) भी पिछले क्वार्टर के मुकाबले 12% बढ़कर ₹497 प्रति यात्री रही है।
ब्रोकरेज की राय और आउटलुक
अच्छे नतीजों के बावजूद, एनालिस्ट्स ने वित्त वर्ष 2027 से 2029 के लिए ऑपरेटिंग प्रॉफिट अनुमानों में 1-3% की कटौती की है। इसका कारण हैदराबाद (GHIAL) और मनोहर (MOPA) एयरपोर्ट्स पर ट्रैफिक को लेकर अब अधिक सतर्क नजरिया अपनाया जाना है। हालांकि, Emkay Global ने शेयर पर 'Buy' रेटिंग बरकरार रखी है और ₹120 का टारगेट प्राइस दिया है।
