Eternal Ltd के तिमाही नतीजों में रेवेन्यू **₹24,100 करोड़** रहा है, लेकिन टैक्स की ऊंची दरों के कारण कंपनी का नेट प्रॉफिट गिरकर **₹125 करोड़** रह गया है, जो अनुमानों से काफी कम है।
मुनाफे पर क्यों लगा ग्रहण?
कंपनी के नतीजों में रेवेन्यू तो उम्मीदों से बेहतर रहा, लेकिन बॉटम लाइन पर तगड़ा झटका लगा है। इसका मुख्य कारण 61% का प्रभावी टैक्स रेट (Effective Tax Rate) है। कंपनी के पास मौजूद पुराने टैक्स शील्ड्स (Tax Shields) अब खत्म हो चुके हैं, जिसके चलते अब उन्हें सामान्य टैक्स दरों का भुगतान करना पड़ रहा है। यही वजह है कि कंपनी का नेट प्रॉफिट गिरकर सिर्फ ₹125 करोड़ रह गया, जबकि बाजार को ₹392.8 करोड़ के मुनाफे की उम्मीद थी। ब्रोकरेज हाउस मोतीलाल ओसवाल ने इस नए टैक्स स्ट्रक्चर को ध्यान में रखते हुए अपने अनुमानों को संशोधित किया है।
Blinkit का जलवा बरकरार
मुनाफे में कमी के बावजूद, क्विक-कॉमर्स बिजनेस 'Blinkit' कंपनी के लिए इंजन की तरह काम कर रहा है। इस सेगमेंट का नेट ऑर्डर वैल्यू ₹20,900 करोड़ रहा है, जो सालाना आधार पर 79.3% की बढ़त दिखाता है। मैनेजमेंट अब स्टोर की मैच्योरिटी और ऑपरेशनल एफिशिएंसी पर जोर दे रहा है, और उम्मीद है कि यह सेगमेंट आगे भी 60% से ज्यादा की रफ्तार से दौड़ेगा।
फूड डिलीवरी सेगमेंट
कंपनी का कोर फूड डिलीवरी बिजनेस स्थिर बना हुआ है, जिसका नेट ऑर्डर वैल्यू ₹11,450 करोड़ रहा। हालांकि, एडजस्टेड EBITDA मार्जिन में 10 बेसिस पॉइंट्स की मामूली गिरावट देखी गई और यह 5.5% पर रहा।
निवेशकों के लिए आगे की राह
ब्रोकरेज हाउस ने इस स्टॉक पर अपना भरोसा बरकरार रखा है और ₹420 का टारगेट प्राइस दिया है। निवेशकों की नजरें अब इस बात पर होंगी कि नई टैक्स व्यवस्था के बीच कंपनी कैसे अपनी प्रॉफिटेबिलिटी को संभालती है और क्या क्विक-कॉमर्स की यह रफ्तार आगे भी बनी रहती है।
