Coforge ने Q2 FY27 के नतीजे पेश किए हैं, जिसमें कंपनी का ऑर्डर इनटेक रिकॉर्ड **$1.04 बिलियन** तक पहुंच गया है। मजबूत डील विन्स के बावजूद, निवेशक इस बात पर नजर गड़ाए हुए हैं कि कंपनी क्लाइंट्स के बदलते आईटी खर्च के बीच मार्जिन को कैसे मैनेज करेगी।
शानदार प्रदर्शन और रिकॉर्ड ऑर्डर बुक
Coforge ने चालू फाइनेंशियल ईयर की दूसरी तिमाही के नतीजे जारी कर दिए हैं। कंपनी ने 3.8% की ऑर्गेनिक रेवेन्यू ग्रोथ दर्ज की है, जो कि बाजार के 3.5% के अनुमान से बेहतर रही है। इस तिमाही की सबसे बड़ी हाइलाइट कंपनी का ऑर्डर इनटेक है, जो पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 102.3% उछलकर $1.04 बिलियन पर पहुंच गया है। कंपनी को 8 बड़े सौदे मिले हैं, जिससे भविष्य में रेवेन्यू की स्थिति और स्पष्ट होने की उम्मीद है।
मुनाफे और मार्जिन का गणित
कंपनी का कंसोलिडेटेड EBIT मार्जिन 16% पर स्थिर रहा है, जो कंपनी की गाइडेंस के दायरे में है। मुनाफे की बात करें तो कंपनी का एडजस्टेड नेट प्रॉफिट ₹6.3 अरब रहा। यह पिछली तिमाही के मुकाबले 12.5% और साल-दर-साल आधार पर 67.8% की जबरदस्त बढ़ोतरी है। चालू फाइनेंशियल ईयर की पहली छमाही में कंपनी ने रेवेन्यू में 52.1% और EBIT में 78.8% की दमदार ग्रोथ दिखाई है।
सेक्टर का हाल और चुनौतियां
ऑर्डर बुक भले ही मजबूत हो, लेकिन आईटी सेक्टर में अभी भी अमेरिका और यूरोप जैसे बाजारों में बजट को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। 'डिस्क्रिशनरी स्पेंडिंग' (नई परियोजनाओं पर खर्च) को लेकर कंपनियां फूंक-फूंक कर कदम रख रही हैं। Coforge के लिए चुनौती इन बड़े ऑर्डर्स को सही समय पर रेवेन्यू में बदलने की है, जिसमें स्टाफिंग और टेक्नोलॉजी इम्प्लीमेंटेशन की लागत जोखिम पैदा कर सकती है।
ब्रोकरेज की राय
नतीजों के बाद ब्रोकरेज हाउस Motilal Oswal ने शेयर के लिए टारगेट प्राइस बढ़ाकर ₹2,370 कर दिया है। उन्होंने इसके लिए FY28 के लिए अर्निंग मल्टीपल को 29x से बढ़ाकर 32x कर दिया है, जो कंपनी के बेहतर मार्जिन स्ट्रक्चर और भविष्य की संभावनाओं पर उनके भरोसे को दर्शाता है।
