ब्रोकरेज फर्म Prabhudas Lilladher ने Blue Star की रेटिंग को 'Buy' से घटाकर 'Accumulate' कर दिया है और शेयर के लिए **₹1,783** का टारगेट तय किया है। बिक्री में तो दम है, लेकिन बढ़ती कमोडिटी कॉस्ट ने कंपनी के प्रॉफिट मार्जिन पर दबाव डाल दिया है।
मार्जिन पर बढ़ता दबाव
प्रभुदास लीलाधर के विश्लेषकों का मानना है कि कंपनी सेल्स के मोर्चे पर तो अच्छा कर रही है, लेकिन प्रॉफिटेबिलिटी (Profitability) को लेकर चिंताएं बनी हुई हैं। कंपनी के 'यूनिटरी कूलिंग प्रोडक्ट्स' सेगमेंट में दूसरी तिमाही के दौरान रेवेन्यू में 29.4% की शानदार बढ़ोतरी हुई, लेकिन इसके बावजूद EBIT मार्जिन गिरकर महज 2.3% रह गया, जो पिछले साल इसी अवधि में 6.2% था। कच्चा माल महंगा होने के कारण कंपनी का खर्च बढ़ा है और बाजार में भारी प्रतिस्पर्धा के चलते कंपनी इसे पूरी तरह ग्राहकों पर नहीं डाल पा रही है।
भविष्य की योजनाएं और फोकस
मार्केट में बनी चुनौतियों के बीच, Blue Star अपना पूरा जोर डेटा सेंटर बिजनेस पर लगा रही है। कंपनी का लक्ष्य फाइनेंशियल ईयर 2027 तक ₹40 बिलियन की ऑर्डर बुकिंग हासिल करना है। कैश फ्लो को बेहतर बनाने के लिए कंपनी कुछ इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स से बाहर भी निकल रही है, जो शॉर्ट टर्म में थोड़े उतार-चढ़ाव पैदा कर सकते हैं।
आगे क्या है उम्मीद?
ब्रोकरेज का अनुमान है कि कंपनी का रेवेन्यू फाइनेंशियल ईयर 2026 से 2028 के बीच 17.6% की कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) से बढ़ सकता है। साथ ही, टैक्स के बाद मुनाफा (PAT) 20.3% तक बढ़ने की उम्मीद है। हालांकि, निवेशकों के लिए अब सबसे बड़ी चुनौती यह देखना होगा कि कंपनी अपने मार्जिन को 6.5% के लक्ष्य तक कैसे वापस ले आती है।
