Bajaj Auto ने सितंबर तिमाही में शानदार प्रदर्शन किया है। कंपनी का स्टैंडअलोन EBITDA **37%** बढ़कर **₹4,170 करोड़** हो गया है, जिसकी मुख्य वजह मजबूत घरेलू बिक्री और इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) सेगमेंट में बेहतर मार्जिन है।
वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही के नतीजों में Bajaj Auto ने अपनी मजबूती का लोहा मनवाया है। कंपनी का ऑपरेटिंग प्रॉफिट यानी EBITDA ₹4,170 करोड़ रहा, जो कि मार्केट के ₹4,060 करोड़ के अनुमान से कहीं ज्यादा है।
मुनाफे के पीछे की असली वजह
कंपनी की इस सफलता के पीछे घरेलू मार्केट की स्थिर मांग और EV सेगमेंट की बेहतर प्रॉफिटेबिलिटी का बड़ा हाथ है। इनपुट कॉस्ट में आई महंगाई के बावजूद, कंपनी ने अपनी 'प्राइसिंग पावर' के जरिए मार्जिन को सुरक्षित रखा है। इसके अलावा, विदेशी मुद्रा में मिली बढ़त ने भी कमोडिटी कीमतों के उतार-चढ़ाव को झेलने में मदद की है।
ब्रोकरेज का क्या है नजरिया?
नतीजों के बाद ब्रोकरेज फर्म Anand Rathi ने स्टॉक पर बुलिश रुख अपनाते हुए टारगेट प्राइस बढ़ाकर ₹14,300 कर दिया है। यह वैल्यूएशन 'सम-ऑफ-द-पार्ट्स' (SOTP) पद्धति पर आधारित है, जिसमें मोटरसाइकिल और थ्री-व्हीलर बिजनेस के साथ-साथ KTM और Pierer Mobility में कंपनी के निवेश को भी शामिल किया गया है।
आगे की चुनौतियां
हालांकि नतीजे दमदार हैं, लेकिन निवेशकों को सावधानी भी बरतनी चाहिए। भारतीय टू-व्हीलर मार्केट में अब कॉम्पिटिशन काफी आक्रामक हो गया है। मार्जिन को बनाए रखने के लिए Bajaj Auto को बिना भारी डिस्काउंट दिए अपनी मार्केट हिस्सेदारी बरकरार रखनी होगी। साथ ही, स्टील और बैटरी कंपोनेंट्स जैसी कच्ची सामग्री की कीमतों में होने वाली अस्थिरता भविष्य के लिए एक बड़ा रिस्क बनी हुई है। आने वाली तिमाहियों में नए मॉडल्स का रिस्पॉन्स और EV प्लेटफार्म का स्केल-अप तय करेगा कि कंपनी की ग्रोथ की रफ्तार कितनी बनी रहती है।
