दिग्गज ब्रोकरेज फर्म Motilal Oswal ने Bajaj Auto के शेयरों पर अपना बुलिश नजरिया बरकरार रखा है। कंपनी ने Q2 FY27 में सालाना आधार पर **35%** की बढ़त के साथ **₹33.5 बिलियन** का मुनाफा दर्ज किया है, जिसके बाद ब्रोकरेज ने **₹12,600** का नया टारगेट सेट किया है।
मुनाफे की रफ्तार और ऑपरेशनल परफॉर्मेंस
Bajaj Auto के फाइनेंशियल ईयर 2027 की दूसरी तिमाही के आंकड़े काफी मजबूत रहे हैं। कंपनी का नेट प्रॉफिट ₹33.5 बिलियन रहा, जो कि पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 35% अधिक है। यह प्रदर्शन बाजार के अनुमानों से बेहतर रहा है।
मार्जिन की मजबूती और चुनौतियां
ऑटो सेक्टर में कच्चे माल (Raw Materials) जैसे स्टील और एल्यूमीनियम की बढ़ती कीमतों के बीच भी Bajaj Auto ने अपने ऑपरेटिंग मार्जिन को 20.9% पर स्थिर रखा है। कंपनी ने इसके लिए रणनीतिक मूल्य समायोजन (price adjustments) और निर्यात बाजारों में करेंसी के अनुकूल मूवमेंट का फायदा उठाया है। साथ ही, कंपनी ने अपने पोर्टफोलियो में ज्यादा वैल्यू वाले एक्सपोर्ट प्रोडक्ट्स पर फोकस बढ़ाया है।
वैल्यूएशन का गणित
ब्रोकरेज रिपोर्ट के मुताबिक, यह स्टॉक फाइनेंशियल ईयर 2027 की अनुमानित कमाई के 21.8 गुना और फाइनेंशियल ईयर 2028 के लिए 18.9 गुना के वैल्यूएशन पर ट्रेड कर रहा है। कंपनी का ट्रैक रिकॉर्ड, रिटर्न रेश्यो और डिविडेंड देने की निरंतरता इसे अपने प्रतिस्पर्धियों के मुकाबले मजबूत बनाती है।
निवेशकों के लिए अहम रिस्क
शानदार नतीजों के बावजूद, निवेशकों को कुछ बातों पर नजर रखनी चाहिए:
- कमोडिटी रिस्क: अगर कच्चे माल की कीमतें और बढ़ती हैं, तो कंपनी के लिए 20.9% का मार्जिन बनाए रखना चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
- बढ़ती प्रतिस्पर्धा: इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर सेगमेंट में TVS Motor Company और अन्य स्टार्टअप्स से कड़ी टक्कर मिल रही है। कंपनी का Chetak ब्रांड यहां मुख्य फोकस है।
- एक्सपोर्ट रिस्क: लैटिन अमेरिका और अफ्रीका जैसे अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर कंपनी की निर्भरता उसे करेंसी उतार-चढ़ाव और जियोपॉलिटिकल रिस्क के प्रति संवेदनशील बनाती है।
