ICICI Securities ने Angel One के शेयर पर अपनी राय अपडेट की है। कंपनी का मार्जिन ट्रेडिंग फैसिलिटी (MTF) पोर्टफोलियो तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन डिस्काउंट ब्रोकिंग सेक्टर में बढ़ते कंपटीशन पर निवेशकों को नजर रखनी होगी।
ICICI Securities की हालिया रिपोर्ट के अनुसार, Angel One अब अपने मार्जिन ट्रेडिंग फैसिलिटी (MTF) पर खासा जोर दे रही है ताकि रेवेन्यू में स्थिरता बनी रहे। हालांकि कंपनी ने वित्त वर्ष 2027 की दूसरी तिमाही में कुल ट्रेडिंग ऑर्डर्स में 9.6% की गिरावट दर्ज की है, लेकिन MTF बुक ने दमदार प्रदर्शन किया है। यह क्वार्टर-दर-क्वार्टर 21.4% और साल-दर-साल 40.4% की दर से बढ़ी है।
फाइनेंशियल स्ट्रेटेजी और कॉस्ट कंट्रोल
ब्रोकरेज का अनुमान है कि ऑपरेशनल एफिशिएंसी के जरिए कंपनी अपने EBITDA मार्जिन को 45% के आसपास बनाए रखेगी। कंपनी ने मौजूदा फाइनेंशियल ईयर के दौरान अपने एम्प्लॉई खर्चों को स्थिर रखने का गाइडेंस दिया है। अपनी नई पहलों से होने वाले नुकसान को कंपनी ने अपने ऑपरेटिंग मार्जिन के 2.5% से 3% तक सीमित रखने का लक्ष्य रखा है, ताकि अनुशासन बना रहे।
डायवर्सिफिकेशन और मार्केट का माहौल
ट्रेडिशनल ब्रोकिंग से आगे बढ़ते हुए, Angel One अब वेल्थ और एसेट मैनेजमेंट में भी कदम जमा रही है। कंपनी का वेल्थ मैनेजमेंट डिवीजन ₹160 बिलियन के AUM के पार पहुंच गया है। वहीं, एसेट मैनेजमेंट यूनिट में अब 2,59,000 फोलियो और ₹5.7 बिलियन का AUM है। यह कदम बाजार की उठापटक से बचने के लिए कंपनी की एक कोशिश है।
हालांकि, डिस्काउंट ब्रोकिंग में गलाकाट प्रतिस्पर्धा है। निवेशकों को SEBI के नए गाइडलाइंस, डेरिवेटिव ट्रेडिंग नियमों और रिस्क मैनेजमेंट पर बारीक नजर रखने की जरूरत है, क्योंकि इनका सीधा असर कंपनी के बिजनेस मॉडल पर पड़ता है। कंपनी की सफलता अब इस बात पर टिकी है कि वह नए सेगमेंट में मुनाफा कैसे कमाती है और अपने मार्जिन प्रोफाइल को कैसे सुरक्षित रखती है।
