ब्रोकरेज फर्म Anand Rathi ने Maruti Suzuki के लिए **₹15,350** का टारगेट प्राइस तय किया है। कंपनी को फाइनेंशियल ईयर **2029** तक **10%** वॉल्यूम ग्रोथ की उम्मीद है।
ग्रोथ की रणनीति और क्षमता विस्तार
ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी का भविष्य उसकी प्रोडक्शन कैपेसिटी बढ़ाने की योजना पर टिका है। Maruti Suzuki अपनी निर्माण क्षमता में 500,000 यूनिट्स का इजाफा करने की तैयारी में है। यह विस्तार कंपनी को न केवल घरेलू बाजार में अपनी पकड़ बनाए रखने में मदद करेगा, बल्कि Toyota के साथ साझेदारी के जरिए एक्सपोर्ट मार्केट में भी अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने में मदद मिलेगी। ब्रोकरेज के अनुसार, 2029 फाइनेंशियल ईयर तक कंपनी 10% सालाना वॉल्यूम ग्रोथ हासिल कर सकती है।
मार्जिन पर दबाव और चुनौतियां
भले ही वॉल्यूम पर ब्रोकरेज बुलिश है, लेकिन फाइनेंशियल ईयर 2027 की दूसरी तिमाही में कंपनी को कुछ दबाव झेलना पड़ा है। ऑपरेटिंग प्रॉफिट (EBITDA) में 6% की सालाना गिरावट आई है और यह ₹47.6 अरब पर आ गया है। हालांकि, ब्रोकरेज को उम्मीद है कि जैसे-जैसे नई प्रोडक्शन कैपेसिटी शुरू होगी, 'इकोनॉमी ऑफ स्केल' के जरिए मार्जिन में सुधार देखने को मिल सकता है।
वैल्युएशन और मुकाबला
आनंद राठी ने पहले के ₹16,250 के टारगेट को घटाकर अब ₹15,350 कर दिया है। स्टॉक फिलहाल FY28 के लिए 21 गुना और FY29 के लिए 18 गुना के P/E मल्टीपल पर ट्रेड कर रहा है। चुनौती यह है कि कंपनी को न केवल अपनी लागत को मैनेज करना है, बल्कि SUV सेगमेंट में Tata Motors, Mahindra & Mahindra और Hyundai जैसे दिग्गजों से मिल रही कड़ी टक्कर का भी जवाब देना है। निवेशकों को कंपनी की क्षमता विस्तार की समयसीमा और मार्जिन रिकवरी पर बारीकी से नजर रखने की सलाह दी गई है।
