NPA सेटलमेंट से Yes Bank को बड़ी राहत
यह रिकवरी ₹288 करोड़ की कुल सेटलमेंट राशि का हिस्सा है, जिस पर 27 नवंबर, 2025 को सहमति बनी थी। बैंक को उम्मीद है कि बकाया ₹6 करोड़ भी जल्द ही वसूल हो जाएंगे। यह एक महत्वपूर्ण रिकवरी है, जिसे संशोधित SEBI लिस्टिंग रेगुलेशन के तहत सार्वजनिक करना जरूरी था।
एसेट क्वालिटी पर क्या होगा असर?
इस NPA के समाधान से Yes Bank के एसेट क्वालिटी मेट्रिक्स में सीधा सुधार देखने को मिलेगा। यह बैंक के कैश फ्लो (Cash Flow) के लिए भी काफी सकारात्मक है और इसकी बैलेंस शीट (Balance Sheet) को मजबूत करने में मदद करेगा। यह कदम बैंक के NPA की मात्रा को कम करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
आगे क्या उम्मीद करें?
हालांकि इस रिकवरी से बैंक की वित्तीय सेहत सुधरी है, लेकिन निवेशकों की नजर अब आगे आने वाले नतीजों पर रहेगी। वे Yes Bank के एसेट क्वालिटी रेश्यो में लगातार सुधार देखना चाहेंगे। इस तरह के स्ट्रेस्ड एसेट्स (Stressed Assets) का सफल समाधान, बैंक की खराब लोन को मैनेज करने की क्षमता को दर्शाता है और उसकी वित्तीय स्थिरता को और बढ़ाता है।