क्रेडिट रेटिंग में बड़ा उछाल
ICRA ने Vedanta Ltd. और Vedanta Aluminium Metal Ltd. की क्रेडिट रेटिंग को AA+ कर दिया है। यह रेटिंग कंपनी पर कर्ज चुकाने की क्षमता के लिए उच्च स्तर की सुरक्षा का संकेत देती है, और पिछले एक दशक में यह सबसे मजबूत रेटिंग है। कंपनी ने FY26 में $6.7 बिलियन का EBITDA दर्ज किया, जो मेटल की कीमतों में उछाल और 200-बेसिस पॉइंट की ब्याज लागत में कमी के कारण संभव हुआ।
डी-मर्जर का असर
हाल ही में Vedanta ने अपने बिजनेस को पांच अलग-अलग कंपनियों में डी-मर्ज किया है। इस कदम से हर कंपनी को अपने कैपिटल एलोकेशन को बेहतर ढंग से मैनेज करने में मदद मिलेगी। जिन दो एंटिटीज की रेटिंग AA+ हुई है, वे ग्रुप के कुल लॉन्ग-टर्म कर्ज का 75% से अधिक संभालती हैं। इससे रेटिंग एजेंसियों को कंपनी की लायबिलिटी और एसेट की स्थिति को लेकर स्पष्टता मिली है।
होल्डिंग कंपनी की मुश्किलें
क्रेडिट रेटिंग में सुधार के बावजूद, Vedanta Resources, जो होल्डिंग कंपनी है, अभी भी $5.5 बिलियन के रीफाइनेंसिंग एफर्ट से जूझ रही है। सब्सिडियरी लेवल पर कैश फ्लो सुधरने के बावजूद, पेरेंट कंपनी की कमाई डिविडेंड और ब्रांड फीस पर निर्भर करती है। अगर कमोडिटी साइकल्स में गिरावट आती है, तो पेरेंट लेवल पर लिक्विडिटी का संकट बढ़ सकता है। ग्रुप का टोटल एडजस्टेड नेट डेट करीब $12.4 बिलियन है। यह रेटिंग सिर्फ मौजूदा कर्ज चुकाने की क्षमता को दर्शाती है, लेकिन ग्लोबल करेंसी और मेटल प्राइस के उतार-चढ़ाव का खतरा बना हुआ है।
भविष्य की रणनीति
FY27 के लिए, Vedanta से उम्मीद की जा रही है कि वह कर्ज कम करने पर फोकस करेगी। मैनेजमेंट का लक्ष्य पेरेंट लेवल पर नेट लीवरेज को 2.0x से नीचे लाना है। एल्युमिनियम और जिंक सेगमेंट में कॉस्ट लीडरशिप बनाए रखने के साथ-साथ पांच अलग-अलग कंपनियों के मैनेजमेंट पर भी ध्यान देना होगा। ब्रोकरेज फर्म्स इस बात पर बंटी हुई हैं कि क्या ऑपरेशनल सुधार कर्ज कम करने की गति को बनाए रखने के लिए पर्याप्त होंगे।
