Union Bank of India के शेयरों में आज **2%** से ज्यादा की गिरावट देखी गई। कंपनी ने पिछले तिमाही में **29.78%** का जबरदस्त मुनाफा दर्ज किया, लेकिन इसके बावजूद स्टॉक गिर गया। निवेशकों की नजरें बैंक के मार्जिन में मामूली गिरावट और ऑपरेटिंग कैश फ्लो में आए बदलाव पर हैं।
Detailed Coverage
नतीजों के बाद क्यों आई बिकवाली?
Union Bank of India के शेयरों में बुधवार को 2% की गिरावट दर्ज की गई, शेयर ₹172.56 पर आ गए। यह गिरावट बैंक द्वारा जून 2026 तिमाही के नतीजे जारी करने के बाद आई है, जिसमें मुनाफे में तो अच्छी खासी बढ़ोतरी हुई, लेकिन रेवेन्यू में मामूली गिरावट देखने को मिली।
तिमाही नतीजों पर एक नजर
जून 2026 तिमाही में, पब्लिक सेक्टर के इस बैंक ने ₹5,368 करोड़ का नेट प्रॉफिट कमाया, जो पिछले साल की इसी तिमाही के ₹4,136 करोड़ की तुलना में 29.78% ज्यादा है। अर्निंग्स पर शेयर (EPS) भी 27.41% बढ़कर ₹7.39 हो गया। हालांकि, टॉप-लाइन यानी रेवेन्यू में हल्की नरमी देखी गई। कंसोलिडेटेड रेवेन्यू पिछले साल के ₹27,474 करोड़ से घटकर ₹27,427 करोड़ यानी 0.17% कम रहा।
एसेट क्वालिटी में सुधार
हालिया तिमाही में रेवेन्यू में मामूली गिरावट के बावजूद, बैंक की एसेट क्वालिटी में लंबे समय से सुधार जारी है। मार्च 2026 तक ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (NPA) यानी बैड लोन का अनुपात घटकर 2.82% रह गया है। यह मार्च 2025 के 3.60% और चार साल पहले के 11.00% से काफी बेहतर स्थिति है। मार्च 2026 तक बैंक के कुल लोन और एडवांसेज 10.50% बढ़कर ₹1,057,187 करोड़ हो गए, जो बैंक के मुख्य बिजनेस में लगातार तेजी को दर्शाता है।
कैश फ्लो और वैल्यूएशन
निवेशक बैंक के कैश फ्लो पर भी बारीकी से नजर रख रहे हैं। मार्च 2026 में समाप्त हुए साल के लिए, कंपनी ने ऑपरेटिंग एक्टिविटी से ₹35,798 करोड़ का निगेटिव कैश फ्लो दर्ज किया, जबकि पिछले साल इसमें ₹17,479 करोड़ का पॉजिटिव इनफ्लो था। पब्लिक सेक्टर बैंकों में अक्सर ट्रेजरी और लेंडिंग ऑपरेशन्स की प्रकृति के कारण कैश फ्लो में उतार-चढ़ाव देखा जाता है, लेकिन यह बदलाव शेयरधारकों के लिए ट्रैक करने लायक है।
वैल्यूएशन की बात करें तो, स्टॉक 6.45x के प्राइस-टू-अर्निंग्स (P/E) रेशियो और 0.94x के प्राइस-टू-बुक (P/B) रेशियो पर ट्रेड कर रहा है। बैंक ने शेयरधारकों के लिए रिटर्न बनाए रखा है और 2026 के लिए ₹5.00 प्रति शेयर का फाइनल डिविडेंड घोषित किया है।
आगे चलकर, बैंक के लिए सबसे महत्वपूर्ण चीजें होंगी नेट इंटरेस्ट मार्जिन को बनाए रखना और लोन ग्रोथ की स्थिरता। निवेशक मैनेजमेंट से ऑपरेटिंग कैश फ्लो में गिरावट के कारणों और आने वाली तिमाहियों में रेवेन्यू ग्रोथ को बढ़ाने की रणनीतियों पर भी मैनेजमेंट की कमेंट्री का इंतजार करेंगे।
