भारत-मलेशिया के बीच हुआ ऐतिहासिक पेमेंट पैक्ट!
NPCI International Payments Limited (NIPL), जो कि भारत के नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन (NPCI) की इंटरनेशनल विंग है, ने मलेशिया की प्रमुख पेमेंट कंपनी Payments Network Malaysia Sdn Bhd (PayNet) के साथ एक बड़ा समझौता किया है। इस डील के तहत, भारत की सबसे लोकप्रिय यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) पेमेंट सिस्टम अब मलेशिया के मर्चेंट टर्मिनल्स पर भी उपलब्ध होगी। यह कदम UPI को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फैलाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पड़ाव है।
दो चरणों में होगा विस्तार, यात्रियों को मिलेगा सीधा फायदा
इस इंटीग्रेशन को दो मुख्य चरणों में लागू किया जाएगा। पहले चरण में, मलेशिया घूमने आने वाले भारतीय पर्यटक अपने UPI-एप्लीकेशन का उपयोग करके DuitNow QR कोड को स्कैन कर सकेंगे और वहां के व्यापारियों को आसानी से भुगतान कर पाएंगे। DuitNow QR, मलेशिया का राष्ट्रीय QR स्टैंडर्ड है जिसे PayNet संचालित करता है। इस सुविधा से लाखों भारतीय पर्यटकों के लिए मलेशिया में खरीदारी, खान-पान और पर्यटन स्थलों पर भुगतान करना बेहद सरल हो जाएगा।
दूसरे चरण में, यह सुविधा मलेशियाई पर्यटकों के लिए भी उपलब्ध होगी। वे भारत आने पर अपने DuitNow ऐप का उपयोग करके UPI QR कोड स्कैन कर पाएंगे और भुगतान कर सकेंगे। इस आपसी सुविधा से दोनों देशों के बीच व्यापार और पर्यटन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है, जो मलेशिया के "Visit Malaysia 2026" अभियान के लिए भी महत्वपूर्ण साबित होगा।
ग्लोबल पेमेंट इकोसिस्टम बनाने का लक्ष्य
NIPL के MD और CEO, रितेश शुक्ला ने कहा कि इस पार्टनरशिप का मुख्य उद्देश्य दुनिया भर में इंटरऑपरेबल (आपस में जुड़ने योग्य) और रियल-टाइम पेमेंट इकोसिस्टम का निर्माण करना है। यह दिखाता है कि UPI अब सिर्फ भारत तक सीमित न रहकर एक ग्लोबल पेमेंट इंफ्रास्ट्रक्चर बन रहा है। PayNet के CEO, प्रवीण राजन ने भी इस बात पर सहमति जताते हुए कहा कि DuitNow QR और UPI का यह जुड़ाव भारत और मलेशिया के बीच बढ़ते यात्राओं को देखते हुए यात्रियों, व्यापारियों और फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशन्स के लिए पेमेंट कनेक्टिविटी को मजबूत करेगा।
UPI का ग्लोबल फुटप्रिंट बढ़ाने में अहम कदम
इस डील के बाद, मलेशिया उन देशों की लिस्ट में शामिल हो गया है जहां NIPL क्रॉस-बॉर्डर QR इंटरऑपरेबिलिटी के जरिए UPI को स्वीकार करने में मदद कर रहा है। NIPL, जिसकी स्थापना अप्रैल 2020 में हुई थी, का लक्ष्य भारत के UPI और RuPay सिस्टम को विभिन्न पार्टनरशिप मॉडल के जरिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ले जाना है। यह कदम भारतीय यूजर्स को विदेश में भी एक जाना-पहचाना और सुरक्षित पेमेंट अनुभव प्रदान करेगा, जिससे UPI एक प्रमुख रियल-टाइम पेमेंट सिस्टम के रूप में अपनी स्थिति और मजबूत करेगा।