अब 11 देशों में UPI से पेमेंट करना आसान हो गया है, लेकिन भारतीय यात्रियों को अतिरिक्त खर्चों के प्रति सतर्क रहना होगा। **3.5%** तक का करेंसी कन्वर्जन शुल्क और टूर पैकेज पर **2%** TCS आपके बजट को बिगाड़ सकते हैं।
विदेशों में UPI का बढ़ता दायरा
अब आप UAE, सिंगापुर, फ्रांस, मॉरीशस, नेपाल, भूटान, कतर, श्रीलंका, कंबोडिया और ग्रीस जैसे 11 देशों में UPI के जरिए पेमेंट कर सकते हैं। QR कोड स्कैन करके पेमेंट करने की सुविधा जितनी आसान दिखती है, इसके पीछे छिपे चार्जेस को समझना भी उतना ही जरूरी है।
ये हैं वो हिडन चार्जेस (Hidden Costs)
घरेलू स्तर पर UPI मुफ्त है, लेकिन इंटरनेशनल ट्रांजेक्शन पर बैंक और पेमेंट ऐप्स आपसे 1.5% से 3.5% तक का करेंसी कन्वर्जन मार्कअप वसूलते हैं। अगर आप होटल बुकिंग या शॉपिंग जैसी बड़ी खरीदारी UPI से करते हैं, तो यह सीधा आपके बजट पर असर डालता है। पेमेंट कन्फर्म करने से पहले ऐप पर दिखने वाली भारतीय रुपये (INR) की कुल राशि को जरूर चेक करें।
कुछ जरूरी सीमाएं (Operational Limits)
यात्रा पर निकलने से पहले आपको अपने ऐप (जैसे Google Pay या PhonePe) में 'UPI International' फीचर को मैन्युअली एक्टिवेट करना होगा। यह सुविधा आमतौर पर 90 दिनों के लिए मान्य होती है। साथ ही, प्रति ट्रांजेक्शन ₹1 लाख की लिमिट तय है, हालांकि कई बैंक इससे भी कम लिमिट रख सकते हैं।
टैक्स का गणित (TCS Impact)
Liberalised Remittance Scheme के तहत, विदेश यात्रा के टूर पैकेज पर 2% का Tax Collected at Source (TCS) लागू होता है। यह टैक्स ट्रांजेक्शन की राशि के आधार पर आपके कुल यात्रा खर्च को बढ़ा सकता है।
एक्सपर्ट्स की सलाह
फाइनेंशियल प्लानर्स का मानना है कि केवल स्मार्टफोन पर निर्भर रहना जोखिम भरा हो सकता है। क्रॉस-बॉर्डर सेटलमेंट में कभी-कभी तकनीकी दिक्कतें आ सकती हैं, जिससे पेमेंट फंसने की संभावना रहती है। ऐसे में हमेशा फिजिकल क्रेडिट कार्ड या फॉरेक्स कार्ड को प्राइमरी पेमेंट ऑप्शन के रूप में रखें। साथ ही, भारत वापस आते ही अपने ऐप से इंटरनेशनल UPI फीचर को तुरंत डिसेबल करना न भूलें, ताकि सुरक्षा बनी रहे।
