Stoicap Ventures ने स्कूलों और स्टूडेंट हाउसिंग प्रॉपर्टीज में निवेश के लिए **₹750 करोड़** का एक नया फंड लॉन्च किया है। NDR Group के साथ मिलकर कंपनी 'सेल-एंड-लीजबैक' मॉडल के जरिए फिक्स्ड रेंटल इनकम बनाने पर काम करेगी।
फंड का स्ट्रक्चर और रणनीति
Stoicap Ventures ने अपना पहला कैटेगरी-1 अल्टरनेटिव इन्वेस्टमेंट फंड (AIF) पेश किया है। इसे जून में SEBI से मंजूरी मिली थी। 'Stoicap-NDR Edu-Infra Rental Yield Fund' नाम के इस फंड में NDR Group को-स्पॉन्सर और एंकर इन्वेस्टर के तौर पर शामिल है।
क्या है सेल-एंड-लीजबैक मॉडल?
यह मॉडल उन एजुकेशनल इंस्टीट्यूट्स के लिए है जो अपनी प्रॉपर्टी बेचकर पूंजी (Capital) जुटाना चाहते हैं। स्कूल अपनी बिल्डिंग्स को इस फंड को बेच देंगे और फिर उसे लीज पर वापस लेकर अपना ऑपरेशन जारी रखेंगे। निवेशकों को फायदा 25 से 30 साल के लंबे लीज एग्रीमेंट से फिक्स्ड रेंट के जरिए होगा। कंपनी ने पहले ही 7 K-12 स्कूलों और 2,000 स्टूडेंट-हाउसिंग बेड का सीड पोर्टफोलियो तैयार कर लिया है।
मार्केट और जोखिम (Risks)
भारत में एजुकेशन-लिंक्ड रियल एस्टेट मार्केट करीब $49 बिलियन का है, जिसमें K-12 सेगमेंट $37 बिलियन और स्टूडेंट हाउसिंग $12 बिलियन का है। हालांकि, यह निवेश पूरी तरह जोखिम मुक्त नहीं है। अगर स्कूल ऑपरेटरों की वित्तीय सेहत खराब होती है या छात्रों की संख्या घटती है, तो रेंट कलेक्शन पर असर पड़ सकता है। साथ ही, सरकारी नीतियों और ब्याज दरों में बदलाव भी इस फंड के रिटर्न को प्रभावित कर सकते हैं।
