माइक्रोफाइनेंस कंपनी Spandana Sphoorty Financial के साथ बड़ा साइबर फ्रॉड हुआ है। कंपनी के बैंक अकाउंट से **₹7.8 करोड़** की रकम अवैध रूप से **82** अलग-अलग खातों में ट्रांसफर कर दी गई है।
क्या है पूरा मामला?
कंपनी ने SEBI को दी जानकारी में बताया है कि 1 नवंबर, 2026 को उसके एक कॉर्पोरेट बैंक खाते से अनधिकृत ट्रांजेक्शन किए गए। हैकर्स ने चतुराई से इस पैसे को 82 लाभार्थी खातों में डायवर्ट कर दिया। घटना का पता चलते ही कंपनी ने तुरंत प्रभावित सेवाओं को सस्पेंड कर दिया ताकि आगे नुकसान को रोका जा सके।
कंपनी ने क्या कदम उठाए?
Spandana Sphoorty ने नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल पर आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई है। इसके अलावा, संबंधित बैंक को भी सूचित किया गया है कि वे उन खातों को फ्रीज करें जिनमें पैसे ट्रांसफर किए गए हैं और ट्रांजेक्शन को रिवर्स करने का प्रयास करें। कंपनी ने स्पष्ट किया है कि उनके पास साइबर फ्रॉड इंश्योरेंस मौजूद है, और उन्होंने बीमा का दावा (Insurance Claim) करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
निवेशकों पर क्या होगा असर?
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब कंपनी पहले से ही फाइनेंशियल मुश्किलों और ऑपरेशनल दबाव से जूझ रही है। हाल ही में कंपनी के कैश लॉस और कोवेनेंट ब्रीच (Covenant Breaches) जैसे मुद्दों ने निवेशकों की चिंता बढ़ा रखी थी। कंपनी का स्टॉक हाल ही में ₹181 से ₹189 के दायरे में ट्रेड कर रहा है।
अब बाजार की नजरें इस पर टिकी हैं कि कंपनी कितनी जल्दी इस रकम को बीमा दावे के जरिए वापस हासिल कर पाती है। किसी भी तरह की देरी कंपनी के कैश फ्लो पर अतिरिक्त दबाव डाल सकती है, जिसे लेकर शेयरधारकों को सतर्क रहने की जरूरत है।
