MUFG डील का असर: Shriram Finance की बढ़ी ताकत, Bajaj Finance को चुनौती?
Shriram Finance के लिए Q4 FY26 के नतीजे कई मायनों में खास रहे, खासकर MUFG बैंक के साथ हुई 20% की बड़ी स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप के बाद। इस ऐतिहासिक डील ने न सिर्फ कंपनी की बैलेंस शीट को मजबूत किया है, बल्कि फंडिंग की लागत को भी कम किया है, जिससे यह अपने बड़े प्रतिद्वंद्वी Bajaj Finance के प्रीमियम वैल्यूएशन को चुनौती देने की स्थिति में आ गई है।
MUFG का निवेश: एक रिकॉर्ड डील
MUFG Bank द्वारा Shriram Finance में 20% की हिस्सेदारी का अधिग्रहण, जो 2025 के अंत में लगभग ₹39,600 करोड़ में फाइनल हुआ, भारत की फाइनेंशियल सर्विसेज सेक्टर में एक रिकॉर्ड फॉरेन डायरेक्ट इन्वेस्टमेंट (FDI) है। यह पार्टनरशिप सिर्फ कैपिटल इंजेक्शन नहीं है; इसने Shriram Finance की बैलेंस शीट को मजबूती दी है, फंडिंग की लागत घटाई है, और नए ग्रोथ के रास्ते खोले हैं।
Shriram vs. Bajaj: आंकड़े और वैल्यूएशन
Bajaj Finance ने Q4 FY26 में 22% सालाना ग्रोथ के साथ ₹5.09 लाख करोड़ का लोन बुक दर्ज किया, खास तौर पर रिटेल सेगमेंट जैसे गोल्ड और व्हीकल फाइनेंस में। इसका नेट प्रॉफिट 22.8% बढ़कर ₹4,839.5 करोड़ रहा। Bajaj Finance का P/E रेशियो फिलहाल 31-34x के आसपास है। वहीं, Shriram Finance ने 14.8% लोन पोर्टफोलियो ग्रोथ के साथ ₹3.02 लाख करोड़ का आंकड़ा छुआ और नेट प्रॉफिट में 40.9% की जोरदार बढ़ोतरी के साथ ₹3,013.6 करोड़ कमाए। Shriram Finance का ट्रेलिंग ट्वेल्व मंथ (TTM) P/E रेशियो काफी कम, 18-22x के बीच है। इसका प्राइस-टू-बुक (P/B) वैल्यू 2.7 है, जो Bajaj Finance के 5.7 के आधे से भी कम है।
NBFC सेक्टर में मजबूत ग्रोथ की उम्मीद है, जहां एसेट्स अंडर मैनेजमेंट (AUM) का मार्च 2026 तक ₹48-50 लाख करोड़ तक पहुंचने का अनुमान है, जो 15-17% की दर से बढ़ रहा है। हालांकि, ICRA का मानना है कि FY2026 में NBFCs के लिए क्रेडिट कॉस्ट (Credit Cost) ऊंची रहने की संभावना है।
एनालिस्ट्स की राय (Analyst Views)
एनालिस्ट्स (Analysts) दोनों कंपनियों को लेकर आम तौर पर पॉजिटिव हैं। Bajaj Finance को 'Buy' रेटिंग और ₹1,000-₹1,100 का प्राइस टारगेट मिला है। Jefferies ने 'Buy' रेटिंग और ₹1,210 का टारगेट दिया है, जबकि Morgan Stanley 'Overweight' रेटिंग के साथ ₹1,120 के टारगेट पर है। दूसरी ओर, Shriram Finance के लिए 'Strong Buy' कंसेंसस है, जिसके एवरेज 12-महीने के प्राइस टारगेट लगभग ₹1,200 हैं, जो बड़ी अपसाइड पोटेंशियल का संकेत देते हैं। CLSA ने 'Outperform' रेटिंग और ₹1,150 का टारगेट बनाए रखा है।
जोखिम और आगे की राह
हालांकि, दोनों NBFCs के सामने जोखिम भी हैं। Bajaj Finance का प्रीमियम वैल्यूएशन ऊंची ग्रोथ की उम्मीदों को दर्शाता है; किसी भी चूक से स्टॉक में बड़ी गिरावट आ सकती है। दूसरी ओर, Shriram Finance अपनी विस्तृत कस्टमर बेस के कारण अधिक ऑपरेशनल जोखिमों का सामना करती है। MUFG के प्रभाव को मैनेज करना अहम होगा। NBFC सेक्टर में क्रेडिट कॉस्ट का बढ़ना भी एक आम जोखिम है। Bernstein ने वैल्यूएशन चिंताओं के चलते 'Underperform' रेटिंग दी है।
